धर्म/ संस्कृति (Page 8)

सावन में सोमवार का व्रत करने से धन-धान्य से भरा रहता है जीवन, व्यक्ति को सभी पापों से मिलती है मुक्ति  : आचार्य महेंद्र कृष्ण शर्मा

सावन का पहला सोमवार व्रत आज, महादेव की पूजा विधि, व्रत का महत्व और कथा जानें विस्तार से सावन व्रत का विद्यार्थी के लिए विशेष महत्व है, व्रत रखने से विद्यार्थी के ज्ञान में वृद्धि सावन महीने में...

नवरात्रों के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा व सुविधा को लेकर जिला प्रशासन द्वारा व्यापक प्रबंध

नवरात्रों में माता के नौ रुपों की आराधना…

शक्ति के लिए देवी आराधना की सुगमता का कारण मां की करुणा, दया, स्नेह का भाव किसी भी भक्त पर सहज ही हो जाता है। ये कभी भी अपने बच्चे (भक्त) को किसी भी तरह से अक्षम या दुखी नहीं देख सकती है। उनका...

हिमाचल: प्राचीन काल से चली आ रही देव-ध्वज की परम्परा..शहतीर मात्र लकड़ी के खम्बे नहीं देवी-देवता के इतिहास के द्योतक

शहतीर मात्र लकड़ी के खम्बे नहीं देवता के इतिहास के द्योतक मंदिर की शुद्धि तथा पुनः प्रतिष्ठा का भी प्रतीक  कुल्लू घाटी की यात्रा के दौरान देखने में आया है कि अनेक गाँवों के एक छोर के विशाल...

मण्डी : “मगरू महादेव” किसी को भी नहीं करते निराश; सबकी भरते हैं झोली …काष्ठकला के लिए भी विख्यात अदभुत मगरू मदेव मंदिर

मंदिर के भीतर शिव और पार्वती की पाषाण प्रतिमाएं दर्शनीय हैं मगरू महादेव मंदिर,छतरी, थुनाग, मंडी छतरी गांव का मगरू महादेव मंदिर नामक भव्य स्मारक अपनी अदभुत  काष्ठकला के लिए विख्यात है। 13वीं...

चामुण्डा नंदिकेश्वर धाम, (कांगड़ा) -जहाँ श्रद्धालुओं की होती है हर मनोकामना पूरी

श्री चामुण्डा नंदिकेश्वर धाम रियासतीकाल में त्रिगर्तगण (वर्तमान कांगड़ा) का उत्तरी द्वारपाल माना जाता था हिमाचल प्रदेश की धौलाधार पर्वत श्रृंखला में बसा कांगड़ा जिले का शिव–शक्ति धाम...

चमत्कारों से आस्था की ज्योत जगाने वाला दियोट सिद्ध “श्री बाबा बालकनाथ मन्दिर”

आधुनिक ढंग के निर्माण शिल्प के साथ शिखरनुमा शैली में बना है मन्दिर गुफा मन्दिर में स्थापित है बाबा बालकनाथ की श्यामवर्णी संगमरमर की मूर्ति हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर की धौलगिरि पर्वतश्रेणी...

हिमाचल: रिवालसर का छेश्चू (छेत्शु) मेला व वैशाखी मेला

लोमस ऋषि ने की थी रिवालसर झील के तट पर भगवान शिव की अराधना ‘छेश्चू‘ शब्द में ‘छ‘ का भाव पानी और ‘श्चू‘ का भाव है मेला पूजा में वाद्य यन्त्रों के स्वर के साथ ‘ओम् माने पेमे हूं‘...