ब्लॉग

शाहपुर कॉलेज में रोजगारपरक शिक्षा के नए द्वार, पांच नए पाठ्यक्रम शुरू

उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षक सम्मानित

शाहपुर: शाहपुर के विधायक एवं उपमुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने राजकीय महाविद्यालय शाहपुर के 20वें स्थापना दिवस तथा बीबीए, बीसीए, बीवॉक, पीजीडीसीए और फिजिकल एजुकेशन के नए पाठ्यक्रमों के शुभारंभ अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि शिरकत की।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में हिमाचल प्रदेश शिक्षा के क्षेत्र में देशभर में 21वें स्थान से पांचवें स्थान पर पहुंचा है।इसमें शिक्षकों का भी महत्वपूर्ण योगदान है। इसके लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री भी बधाई के पात्र हैं।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। मुख्यमंत्री सीबीएसई पाठ्यक्रम लेकर आए हैं, जिससे सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की एनरोलमेंट में वृद्धि हुई है।
पठानिया ने कहा कि राजकीय महाविद्यालय शाहपुर में पांच नए पाठ्यक्रम शुरू होने से क्षेत्र के विद्यार्थियों को घर के नजदीक ही व्यावसायिक एवं रोजगारपरक शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि इससे विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के साथ रोजगार के नए अवसर भी उपलब्ध होंगे।
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार ने विश्वविद्यालयों में प्रोफेसर एवं सहायक प्रोफेसर की नियुक्ति को लेकर ऐतिहासिक निर्णय लिया है। साथ ही आठवीं, नौवीं और दसवीं कक्षा के विद्यार्थियों को ऑनलाइन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करवाने के लिए देश की एक प्रतिष्ठित संस्था के साथ बातचीत चल रही है।
*सिहवां में बनेगा नया पीएचसी भवन*
उपमुख्य सचेतक ने कहा कि सिहवां में 2.52 करोड़ रुपये की लागत से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) का नया भवन बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही इसका नींव पत्थर रखा जाएगा।
*उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षक सम्मानित*
इस अवसर पर उन्होंने महान शिक्षाविद एवं भारत रत्न डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती एवं शिक्षक दिवस की बधाई देते हुए शिक्षा के क्षेत्र में शिक्षकों के योगदान की सराहना की।
शिक्षक दिवस के अवसर पर केवल सिंह पठानिया ने शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शाहपुर क्षेत्र के शिक्षकों को सम्मानित किया।
इससे पूर्व उन्होंने महाविद्यालय परिसर में हैंडपंप का लोकार्पण किया तथा बेहड़े का पौधा रोपित किया।
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. विश्वजीत ने मुख्यातिथि एवं अन्य अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने नए पाठ्यक्रम शुरू करने और हैंडपंप उपलब्ध करवाने के लिए उपमुख्य सचेतक का आभार व्यक्त किया तथा महाविद्यालय की 20 वर्षों की उपलब्धियों एवं विकास यात्रा की जानकारी दी।
कार्यक्रम के दौरान शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के दरीणी में हुए दुखद हादसे में जान गंवाने वाले तीन युवकों की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया।

धर्मशाला: 16 सितम्बर को महाआरती के साथ होगा डल झील मेले का शुभारम्भ

मेले की तैयारियों को लेकर उप मुख्य सचेतक ने अधिकारियों के साथ की बैठक

धर्मशाला:  डल झील मेले का शुभारम्भ 16 सितम्बर को महाआरती के साथ किया जाएगा। मेले के सफल एवं भव्य आयोजन को लेकर उप मुख्य सचेतक एवं शाहपुर के विधायक केवल सिंह पठानिया ने शनिवार को लघु सचिवालय धर्मशाला के कैबिनेट हॉल में जिला अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में मेले की तैयारियों, विभिन्न व्यवस्थाओं तथा संबंधित विभागों द्वारा किए जाने वाले कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।

केवल सिंह पठानिया ने कहा कि डल झील मेला क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और धार्मिक आस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन है। उन्होंने अधिकारियों को श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की सुविधा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए मेले से संबंधित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं 15 सितम्बर तक पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि मेले के दौरान कानून एवं व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, पेयजल, स्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाएं, विद्युत आपूर्ति, पार्किंग, अग्निशमन एवं आपदा प्रबंधन सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को पुख्ता किया जाए। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए आयोजन स्थल तथा आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता और यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उप मुख्य सचेतक ने कहा कि वर्षों से डल झील स्नान को मणिमहेश स्नान के तुल्य माना जाता है। इसे देखते हुए मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए स्नान की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने झील में महिलाओं की निजता एवं सुविधा को ध्यान में रखते हुए विशेष टेंट लगाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने आयोजन स्थल पर चिकित्सा एवं आपातकालीन सेवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा संभावित आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए प्रभावी व्यवस्था करने पर भी बल दिया।

बैठक में मेले के दौरान आयोजित होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों, सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल एवं शौचालय सुविधाओं, सड़क एवं पार्किंग व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक प्रबंधों की विभागवार समीक्षा की गई। विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की तैयारियों की जानकारी दी तथा निर्धारित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का आश्वासन दिया।

बैठक का संचालन एसडीएम धर्मशाला मोहित रत्न ने किया।

ऊना: सीएचसी दौलतपुर चौक के समीप एनएमटी रोड पर वाहनों की आवाजाही 15 दिनों के लिए बंद

ऊना: उपमंडल गगरेट के अंतर्गत सीएचसी दौलतपुर चौक के समीप एनएमटी रोड़(किलोमीटर 66/700 से 66/900) 6 से 20 सितम्बर (15 दिनों) तक यातायात के लिए अस्थाई तौर पर बंद रहेगा। इसके अतिरिक्त सड़क मार्ग का आधा हिस्सा वाहनों की आवाजाही के लिए खुला रहेगा।

उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने इस संबंध में मोटर वाहन अधिनियम 1988 की धारा 115 व 116 के तहत आदेश जारी किए हैं। यह आदेश सड़क मार्ग की मरम्मत और सुदृढ़ीकरण कार्यों को त्वरित और सुचारू रूप से करने को लेकर जारी किए गए हैं। उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को सड़क बंद करने को लेकर जनता को सूचित करने और मार्ग परिवर्तन की जानकारी देने के लिए अग्रिम बोर्ड लगाने के निर्देश दिए हैं।

मण्डी: सभी विभाग विकास योजनाओं एवं परियोजनाओं को समयबद्ध करें पूरा – सांसद कंगना रणौत

मण्डी में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक आयोजित

विभिन्न विकास परियोजनाओं की समीक्षा की गई

मण्डी:  जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक आज उपायुक्त कार्यालय मंडी के सम्मेलन कक्ष में लोकसभा सांसद एवं दिशा समिति की अध्यक्ष कंगना रणौत की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में केंद्र सरकार की विभिन्न विकास एवं कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में विधायक इन्द्र सिंह गांधी, दिलीप ठाकुर और पूर्ण चंद ठाकुर ने भी विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर अपने सुझाव दिए।

मंडी जिले में 237 विकास कार्यों के लिए 5.12 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है, जो कि मंडी संसदीय क्षेत्र में स्वीकृत कुल धनराशि का 55 प्रतिशत है। मंडी संसदीय क्षेत्र में पूर्ण हुए 74 विकास कार्यों में से 68 विकास कार्य मंडी जिले में पूर्ण किए गए हैं। यह मंडी संसदीय क्षेत्र में पूर्ण हुए कुल कार्यों का 92 प्रतिशत है। मंडी जिले के लिए स्वीकृत 5.12 करोड़ रुपये की धनराशि में से 3.22 करोड़ रुपये की धनराशि राशि व्यय की जा चुकी है। शेष कार्य प्रगति पर हैं।

सांसद कंगना रणौत ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विभाग विकास योजनाओं एवं परियोजनाओं को समयबद्ध पूरा करें। उन्होंने दिशा समिति की गत बैठक में लिए गए निर्णयों की भी समीक्षा करते हुए उन्हें प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश दिए, ताकि केंद्र एवं प्रदेश सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।

’एमपीएलएडी के कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश’

कंगना रणौत ने सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (एमपीएलएडी) के तहत चल रहे विकास कार्यों की भी समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दिशा समिति का मुख्य उद्देश्य केंद्र सरकार की विकास योजनाओं की गति, गुणवत्ता और प्रभावशीलता की निगरानी करना है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश देते हुए कहा विकास योजनाओं का अधिकतम लाभ आम जनता तक पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कृषि, बागवानी, पशुपालन और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर विशेष बल दिया ताकि ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था सुदृढ़ हो सके।

उन्होंने कहा कि जिले में अधिक से अधिक किसान प्राकृतिक एवं जैविक खेती को अपनाएं और किसानों को इसके लिए आवश्यक मार्गदर्शन एवं बाजार उपलब्ध करवाया जाए। उन्होंने प्राकृतिक एवं जैविक उत्पादों को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से बाजार उपलब्ध करवाने, महिलाओं की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए ठोस प्रयास करने के निर्देश दिए। उन्होंने दुग्ध उत्पादन एवं मिल्क प्रोडक्टिविटी बढ़ाने के लिए भी प्रभावी कार्य योजना तैयार करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का केवल क्रियान्वयन ही नहीं, बल्कि उनका वास्तविक प्रभाव भी दिखाई देना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को आगामी बैठकों में योजनाओं के धरातल पर प्रभाव और उपलब्धियों पर आधारित प्रस्तुति देने के निर्देश दिए।

’राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की भी समीक्षा’

बैठक में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) की ओर से मंडी जिले में चल रही विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की प्रगति पर विस्तृत प्रस्तुति दी गई। सांसद ने सड़क परियोजनाओं में गुणवत्ता, सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने मंडी-पठानकोट फोरलेन के परौर-पधर खंड की डीपीआर, पंडोह बाईपास के लिए भूमि अधिग्रहण तथा पंडोह-टकोली फोरलेन सुदृढ़ीकरण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पर्याप्त बजट उपलब्ध होने के बावजूद किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विकास परियोजनाओं से संबंधित स्थानीय समस्याओं का समाधान जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।

बैठक में उपायुक्त अपूर्व देवगन ने दिशा समिति की अध्यक्ष, सभी विधायकों सहित दिशा समिति के सभी सरकारी, गैर सरकारी सदस्यों का स्वागत किया।

बैठक में जिला परिषद अध्यक्ष अमरु राम, नगर निगम मंडी की महापौर सुमन ठाकुर, पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार, अतिरिक्त उपायुक्त प्रियांशु खाती, नगर निगम आयुक्त डॉ. मदन कुमार सहित दिशा समिति के सरकारी एवं गैर-सरकारी सदस्य तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

हमीरपुर: भोरंज में होटल मैनेजर, शैफ और अन्य पदों के साक्षात्कार 9 को

हमीरपुर : सोहारू कंप्लैक्स हमीरपुर में संचालित किए जा रहे शिवाय रेस्तरां में मैनेजर, रिसेप्शनिस्ट, हैड शैफ, शैफ, सर्विस और हाउसकीपिंग के पदों सहित कुल 17 पदों को भरने के लिए 9 सितंबर को सुबह 10 बजे उप रोजगार कार्यालय भोरंज में साक्षात्कार लिए जाएंगे। जिला रोजगार अधिकारी सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि मैनेजर के एक पद के लिए एमबीए डिग्रीधारक कम से कम 1-2 वर्ष का अनुभव रखने वाले महिला एवं पुरुष उम्मीदवार पात्र होंगे। चयनित उम्मीदवार को 2.16 लाख रुपये सालाना पैकेज मिलेगा। रिसेप्शनिस्ट के 3 पदों के लिए स्नातक महिला एवं पुरुष उम्मीदवार पात्र होंगे। चयनित उम्मीदवारों को 1.44 लाख रुपये सालाना पैकेज मिलेगा।

सर्विस के 5 पदों के लिए होटल प्रबंधन में डिप्लोमाधारक और 2-3 वर्ष का अनुभव रखने वाले महिला एवं पुरुष उम्मीदवार पात्र होंगे। चयनित उम्मीदवारों को सालाना 1.80 लाख रुपये पैकेज मिलेगा। हैड शैफ के एक पद के लिए होटल प्रबंधन में डिप्लोमा या डिग्रीधारक तथा 3-4 वर्ष का अनुभव रखने वाले उम्मीदवार पात्र होंगे। चयनित उम्मीदवार को सालाना 3 लाख रुपये पैकेज मिलेगा। कांटिनेंटल, चाइनीज और दक्षिण भारतीय व्यंजनों के तीन अलग-अलग शैफ के पदों के लिए भी डिप्लोमाधारक उम्मीदवार पात्र हैं। चयनित उम्मीदवारों को 2.04 लाख रुपये सालाना पैकेज दिया जाएगा। हाउसकीपिंग के 4 पदों के लिए दसवीं पास उम्मीदवार पात्र हैं। इन्हें सालाना 1.44 लाख रुपये पैकेज दिया जाएगा। इन सभी पदों के लिए आयु सीमा 18 से 45 वर्ष रखी गई है।

जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि अगर कोई युवा इन पदों के लिए योग्यता रखता है और उसका नाम किसी भी रोजगार कार्यालय में पंजीकृत है तो वह अपने मूल प्रमाण पत्रों तथा हिमाचली प्रमाण पत्र के साथ साक्षात्कार में भाग ले सकता है।

भर्ती के संबंध में अधिक जानकारी के लिए जिला रोजगार कार्यालय के दूरभाष नंबर 01972-222318 पर भी संपर्क किया जा सकता है।

हमीरपुर शहर के अधिकांश क्षेत्रों में 6 को बंद रहेगी बिजली

हमीरपुर : विद्युत उपमंडल-2 हमीरपुर में 6 सितंबर को लाइनों और उपकरणों की आवश्यक मरम्मत तथा पेड़ों की काट-छांट के कार्य के चलते उपायुक्त कार्यालय परिसर, पीडब्ल्यूडी ऑफिस एवं कॉलोनी, पूल्ड कॉलोनी, गांधी चौक, अप्पर बाजार, नादौन चौक, बस स्टैंड, पुलिस स्टेशन, प्रताप गली, प्रतापनगर, बराड़ बल्ह, घनाल, अणु कलां, अणु पंचायत घर, घनाल और आस-पास के क्षेत्रों में सुबह 9 से सायं 5 बजे तक बिजली बंद रहेगी। सहायक अभियंता सौरभ राय ने इस दौरान सभी उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।

आईटीआई हमीरपुर में खाली सीटों के लिए 7 तक करें ऑनलाइन आवेदन

दोपहर बाद 2 बजे होगी काउंसलिंग, मेरिट के आधार पर मौके पर ही मिलेगी एडमिशन

हमीरपुर :  राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान हमीरपुर में सत्र 2026-27 के लिए फैशन डिजाइन एंड टैक्नोलॉजी ट्रेड की 24 खाली सीटों, एसओटी एंब्रॉयडरी की 5 सीटों और इलेक्ट्रॉनिक्स मैकेनिक की एक खाली सीट पर दाखिले के लिए स्पॉट राउंड आयोजित किया जा रहा है, जिसके लिए 7 सितंबर तक ऑनलाइन आवेदन एवं पंजीकरण करवाया जा सकता है।

संस्थान के प्रधानाचार्य सुभाष चंद शर्मा ने बताया कि इन सीटों पर प्रवेश लेने के लिए ऑनलाइन एडमिशन पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य है। इस प्रवेश प्रक्रिया में नए अभ्यर्थी और पहले से पंजीकृत अभ्यर्थी भी भाग ले सकते है। प्रवेश के इच्छुक नए अभ्यर्थी प्रातः 10 बजे से दोपहर साढे बारह बजे तक संस्थान में ऑनलाइन एडमिशन पोर्टल पर पंजीकरण करवाकर प्रवेश प्रक्रिया में भाग ले सकते है। अभ्यर्थियों को अपने आवेदन पत्र का प्रिंटआउट, आवश्यक दस्तावेज एवं फोटो पहचान पत्र साथ लाना होगा। प्राप्त आवेदनों के आधार पर उसी दिन मेरिट सूची तैयार की जाएगी। काउंसलिंग प्रक्रिया दोपहर बाद दो बजे बजे से शुरू होगी तथा मेरिट के आधार पर पंजीकृत अभ्यर्थियों को प्रवेश प्रदान किया जाएगा। प्रवेश प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों को उसी समय संस्थान में निर्धारित शुल्क जमा करवाकर प्रवेश संबंधी आवश्यक औपचारिकताएं पूर्ण करनी होंगी।

अधिक जानकारी के लिए मोबाइल नंबर 8219159133 और 9418684068 पर संपर्क किया जा सकता है।

हमीरपुर: टिक्कर, कधरियाणा और अन्य गांवों में 7-8 को रहेगी बिजली बंद

हमीरपुर : विद्युत उपमंडल लंबलू के अंतर्गत टिक्कर अनुभाग में नए ट्रांसफॉर्मर के कार्य के चलते 7 और 8 सितंबर को गांव टिक्कर, टिक्कर बाजार, कधरियाणा, ककड़ियाणा और आस-पास के गांवों में बिजली की आपूर्ति आंशिक रूप से या पूर्ण रूप से बाधित रह सकती है। सहायक अभियंता ऋषि धीमान ने इस दौरान क्षेत्र के उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।

हिमाचल की शिक्षाविद् मंजरी वी. महाजन को मिला राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार, राष्ट्रपति ने किया सम्मानित

देश के विकास में शैक्षणिक उत्कृष्टता, कौशल विकास और उद्यमिता का बहुत महत्व है – राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु

शिमला:भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज, 5 सितंबर  को शिक्षक दिवस के अवसर पर नई दिल्ली में आयोजित एक समारोह में देशभर के शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए।  हिमाचल प्रदेश की पीएम श्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, सुजानपुर टीहरा (CBSE) की प्रधानाचार्या मंजरी वी. महाजन को भी महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार-2026 से सम्मानित किया गया है। मुख्यमंत्री   सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने प्रधानाचार्या मंजरी वी. महाजन को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि शिक्षा, नवाचार, पर्यावरण संरक्षण एवं विद्यालय नेतृत्व के क्षेत्र में आपका समर्पण अनुकरणीय है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह गौरवपूर्ण उपलब्धि समस्त शिक्षक समुदाय के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।

भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज, 5 सितंबर  को शिक्षक दिवस के अवसर पर नई दिल्ली में आयोजित एक समारोह में देशभर के शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए। इस अवसर पर अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने कहा कि शिक्षा हमारे संविधान में निहित, ‘अवसर की समानता’ के आदर्श को कार्यरूप देने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि प्राथमिक विद्यालयों में पढ़ाई बीच में छोड़ने की दर के नगण्‍य हो जाने की उपलब्‍धि शिक्षकों के प्रयासों से हासिल हो सकी है। उन्होंने इस राष्ट्रीय सफलता के लिए सभी शिक्षकों की सराहना की। राष्ट्रपति ने कहा कि स्कूली शिक्षा, शिक्षा व्यवस्था का आधार है। ज्ञान और कौशल तो कभी भी प्राप्त किए जा सकते हैं, परंतु बचपन में ही सदाचार की शिक्षा देना, अधिक प्रभावी सिद्ध होता है। प्रारंभिक कक्षाओं में बच्चों के बौद्धिक, शारीरिक और नैतिक विकास पर निष्ठापूर्वक ध्यान देकर हमारे शिक्षक, अच्छे विद्यार्थियों और कर्तव्यनिष्ठ नागरिकों की भावी पीढ़ियां तैयार कर सकते हैं।

राष्ट्रपति ने इस बात का उल्‍लेख किया कि अनेक विद्यार्थी, आर्थिक दृष्टि से कमजोर परिवारों से आते हैं; कुछ अपने परिवार में पहली पीढ़ी के विद्यार्थी होते हैं; कुछ विद्यार्थी गांव के किसी सामान्य स्कूल से शहर के बड़े स्कूल में आते हैं; कुछ विद्यार्थी स्वभाव से ही संकोची होते हैं; कुछ विद्यार्थियों में बहुत प्रतिभा होती है लेकिन उनमें आत्मविश्वास की कमी होती है; तथा कुछ विद्यार्थी ऐसे होते हैं जिनकी विशेष जरूरतें होती हैं। ऐसे सभी विद्यार्थी, जो किसी कारण से, कोई कमी महसूस करते हैं, उनमें आत्मविश्वास जगाना, और उन्हें आगे बढ़ाना, शिक्षकों का विशेष दायित्व है। राष्ट्रपति ने कहा कि देश के विकास में शैक्षणिक उत्कृष्टता, कौशल विकास और उद्यमिता का बहुत महत्व है। भारत को ज्ञान की महाशक्ति बनाने के साथ-साथ विश्‍व के कौशल-केन्‍द्र के रूप में स्थापित करना, हमारी राष्ट्रीय प्राथमिकताओं में शामिल है।

राष्ट्रपति ने कहा कि हम सभी देशवासी, विकसित भारत के निर्माण के लक्ष्य की ओर आगे बढ़ रहे हैं। विश्वस्तरीय शिक्षा व्यवस्था के बल पर ही, विकसित राष्ट्र का निर्माण संभव है। हमारे शिक्षक, शिक्षा व्यवस्था में प्राण-वायु का संचार करते हैं। हमारा यह प्रयास होना चाहिए कि हमारे देश में एक भी विद्यार्थी, अच्छी शिक्षा के अवसरों से वंचित न रहे। उन्‍होंने इस बात पर जोर दिया कि हमारे शिक्षक, अपने स्नेह और समर्पण से, सभी विद्यार्थियों में ज्ञान, प्रेरणा, नैतिकता और संवेदनशीलता का संचार करें।

 

शिमला/रामपुर: काशपाट में फटा बादल, हाइड्रो प्रोजेक्ट को भारी नुकसान

रामपुर: रामपुर क्षेत्र के काशपाट में शुक्रवार रात बादल फटने के बाद आई अचानक बाढ़ ने गंगदारी हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट की इंटेक संरचना को भारी नुकसान पहुंचाया है। बाढ़ के तेज बहाव की चपेट में आने से इंटेक की कई सिविल संरचनाएं क्षतिग्रस्त हो गईं। बॉटम कन्वेयंस चैनल के तल में भी भारी स्कॉरिंग (कटाव) हुआ है। बाढ़ का बहाव इतना तेज था कि परियोजना में लगाए गए कुछ क्रेट्स भी पानी में बह गए। प्लांट इंचार्ज धीरज वर्मा ने बताया कि बाढ़ से इंटेक के अपस्ट्रीम और डाउनस्ट्रीम राफ्ट के साथ बॉटम कन्वेयंस चैनल को क्षतिग्रस्त हुआ है। बॉटम कन्वेयंस चैनल के तल में भी बहुत कटाव हुआ है। कुछ क्रेट्स भी पानी में बह गए। इससे परियोजना की संरचनाओं को नुकसान पहुंचने के साथ मौके पर काफी मलबा भी जमा हो गया है। राहत की बात यह रही कि परियोजना में कार्यरत सभी कर्मचारी सुरक्षित हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि मौसम खराब होने के दौरान खड्डों, नदी-नालों और अन्य जल स्रोतों के नजदीक जाने से बचें। लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।