


मण्डी: शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर 20 फरवरी को मंडी प्रवास के दौरान अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव की पांचवी सांस्कृतिक संध्या में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लेंगे। इसके अतिरिक्त वे विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों में विकास कार्यों का उद्घाटन भी करेंगे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शिक्षा मंत्री प्रातः 10:30 बजे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कोटमार्स के नए भवन का उद्घाटन करेंगे तथा 12:30 बजे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मझवाड़ में विज्ञान प्रयोगशाला भवन का लोकार्पण करेंगे। इस दौरान वे स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं से भेंट कर जनसमस्याएं भी सुनेंगे।
सांयकाल में शिक्षा मंत्री सेरी मंच, मंडी में आयोजित अंतरराष्ट्रीय कल्चरल परेड का शुभारम्भ करेंगे तथा अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव की सांस्कृतिक संध्या में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।
शिक्षा मंत्री 20 फरवरी की सायं मंडी में रात्रि विश्राम करेंगे तथा 21 फरवरी को प्रातः 10 बजे चंबा के लिए प्रस्थान करेंगे।

मण्डी: अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव–2026 के अंतर्गत छोटी काशी के नाम से विख्यात मंडी में आयोजित देवधुन/वाद्ययंत्र एवं देवलु नाटी प्रतियोगिताएं आज दूसरे दिन भी पूरे उत्साह के साथ जारी रहीं। देव समाज और श्रद्धालुओं में प्रतियोगिताओं को लेकर विशेष उमंग और आस्था का माहौल देखने को मिला।
प्रतियोगिता के लिए बीते दिवस से लेकर आज तक कुल 104 देवताओं के बजंत्रियों ने वाद्ययंत्र प्रतियोगिता हेतु पंजीकरण करवाया है, जबकि देवलु नाटी प्रतियोगिता के लिए 17 देवता के देवलु दलों ने अपना नाम दर्ज कराया है। प्रथम दिन वाद्ययंत्र प्रतियोगिता में 23 प्रतिभागियों ने मंच पर अपनी प्रस्तुति दी, जबकि दूसरे दिन 50 प्रतिभागियों ने पारंपरिक वाद्ययंत्रों के माध्यम से अपनी कला का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। देवलु नाटी प्रतियोगिता में 5 देवताओं के देवलुओं ने भाग लेकर पारंपरिक नाटी की मनोहारी झलक प्रस्तुत की।
पारंपरिक नगाड़ों, करनाल, रणसिंघा एवं अन्य वाद्ययंत्रों की गूंज से पूरा वातावरण भक्तिमय और उत्साहपूर्ण बन गया। देवधुन की मनमोहक प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया तथा श्रद्धालुओं ने तालियों की गड़गड़ाहट से प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया।
प्रतियोगिता के लिए गठित निर्णायक मंडल में मुरारी शर्मा, कृष्णा देवी और उमेश ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस अवसर पर सर्व देवता समिति के अध्यक्ष शिव पाल शर्मा, महासचिव दिनेश शर्मा, जिला भाषा अधिकारी रेवती सैनी सहित देव समाज से जुड़े गणमान्य व्यक्ति एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
महोत्सव के आगामी दिनों में भी वाद्य यंत्र/देवलु नाटी प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा, जिससे छोटी काशी की समृद्ध देव संस्कृति और लोक परंपराओं का भव्य प्रदर्शन जारी रहेगा।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने और रोजगार का प्रभावी माध्यम बन रहा सेरीकल्चर
मण्डी: अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव में उद्योग विभाग द्वारा लगाई गई सिल्क प्रोत्साहन प्रदर्शनी केंद्र आमजन को रेशम उत्पादन से जोड़ने और इसकी जानकारी प्रदान करने में अग्रणी भूमिका निभा रहा है।
प्रदर्शनी में लोगों को रेशम कीट पालन से लेकर धागा निर्माण और उससे बने उत्पादों तक की पूरी प्रक्रिया की जानकारी प्रदान की जा रही है।
उपायुक्त मंडी अपूर्व देवगन ने अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव में उद्योग विभाग द्वारा लगाई गई इस सिल्क प्रोत्साहन प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने वहां प्रदर्शित सिल्क बनाने संबंधी शहतूत की पनीरी, रेशम कीट सीड, रेशम से धागा बनाने की प्रक्रिया और रेशम से बने विभिन्न अन्य उत्पादों की गुणवत्ता की सराहना की और कहा कि रेशम उत्पादन घर बैठे रोजगार का प्रभावी माध्यम है।
उपायुक्त ने बताया कि रेशम उद्योग ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने का सशक्त माध्यम भी है। यह उद्योग किसानों की आय बढ़ाने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
प्रदर्शनी में बताया गया कि रेशम मुख्यतः चार प्रकार का होता है—मल्बरी, ओक, ऐरी और मूगा, जिनमें मंडी जिले में लगभग 80 प्रतिशत उत्पादन मल्बरी सिल्क का होता है, जो यहां की जलवायु के अनुकूल है। मंडी जिले में लगभग 2500 कृषक परिवार रेशम कीट पालन से जुड़े हुए हैं, जो सामूहिक रूप से करीब 9.56 मीट्रिक टन रेशम कोकून का उत्पादन कर रहे हैं।
रेशम अधिकारी विजय चौधरी एक कृषक परिवार रेशम कीट पालन से प्रतिमाह लगभग 15 से 20 हजार रुपये तक आय अर्जित कर सकता है। राज्य सरकार इस क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से किसानों को प्रोत्साहित कर रही है। किसानों द्वारा तैयार कोकून को उद्योग विभाग के सेरीकल्चर अनुभाग के माध्यम से ओपन टेंडरिंग प्रक्रिया से बाजार उपलब्ध करवाया जाता है, जिससे उत्पाद का उचित मूल्य सीधे किसानों को प्राप्त होता है।
कोकून की कीमत उसकी गुणवत्ता के अनुसार निर्धारित होती है। ए ग्रेड कोकून 1100 से 1700 रुपये प्रति किलोग्राम तक, बी ग्रेड 1000 से 1100 रुपये और सी ग्रेड 900 से 1000 रुपये प्रति किलोग्राम तक बिकता है। इसके अतिरिक्त, रेशम उत्पादन के दौरान निकलने वाला कचरा भी लगभग 300 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिकता है, जिससे किसानों की अतिरिक्त आय सुनिश्चित होती है। प्रदेश में उत्पादित रेशम की मांग अन्य राज्यों में भी बनी हुई है और विशेष रूप से पश्चिम बंगाल सहित दक्षिण भारत के कई राज्यों में इसकी खरीद की जा रही है।

विधानसभा अध्यक्ष होंगे शामिल
मण्डी: मण्डी के विख्यात अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव-2026 की मध्य जलेब 19 फरवरी को राज देवता श्री माधोराय की अगवानी में निकाली जाएगी। हिमाचल प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया इस भव्य जलेब में शामिल होंगे।
जारी कार्यक्रम के अनुसार विधानसभा अध्यक्ष 19 फरवरी को दोपहर बाद 12.30 बजे मंडी पहुंचेंगे और शिवरात्रि महोत्सव की मध्य जलेब में शामिल होंगे।
सायंकाल को विधानसभा अध्यक्ष सेरी मंच पर आयोजित शिवरात्रि महोत्सव की चौथी सांस्कृतिक संध्या में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे।
उनका रात्रि ठहराव परिधि गृह मंडी में होगा। 20 फरवरी को प्रातः वे शिमला के लिए प्रस्थान करेंगे।

वॉयस ऑफ हमीरपुर (आवाज-ए-हमीरपुर), फैशन शो, फ्लैश मॉब, चित्रकला प्रदर्शनी और कई अन्य गतिविधियां करवाई जाएंगी
वॉयस ऑफ हमीरपुर के विजेता को 50 हजार, उपविजेता को 31 हजार और तृतीय गायक को मिलेंगे 25 हजार रुपये
हमीरपुर : एडीसी एवं राष्ट्र स्तरीय होली उत्सव सुजानपुर-2026 की सांस्कृतिक समिति के अध्यक्ष अभिषेक गर्ग ने बताया कि इस बार के होली उत्सव को और भी ‘कलरफुल’ बनाने के लिए कई नई गतिविधियों को शामिल किया जा रहा है। इन गतिविधियों की रूपरेखा तय करने के लिए बुधवार को सांस्कृतिक समिति के अन्य सदस्य अधिकारियों और विभिन्न शिक्षण संस्थानों के अधिकारियों के साथ बैठक के बाद एडीसी ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि जिला हमीरपुर के प्रतिभाशाली युवा लोक कलाकारों को मंच प्रदान करने के लिए इस बार वॉयस ऑफ हमीरपुर (आवाज-ए-हमीरपुर) प्रतियोगिता भी आयोजित की जाएगी। 23 और 24 फरवरी को आयोजित होने वाले ऑडिशन के दौरान ही इस प्रतियोगिता के प्रतिभागियों का भी चयन किया जाएगा। वॉयस ऑफ हमीरपुर के लिए 16 से 30 वर्ष तक के युवा कलाकार पात्र होंगे। अगले राउंड के लिए जिन प्रतिभागियों का चयन होगा, उन्हें उनके मोबाइल नंबर पर सूचित किया जाएगा।
वॉयस ऑफ हमीरपुर के विजेता को 50 हजार रुपये और उपविजेता को 31 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। तीसरे स्थान पर रहने वाले गायक को 25 हजार रुपये मिलेंगे। चयनित प्रतिभागियों को राष्ट्रीय स्तर होली उत्सव-2026 के मुख्य मंच पर प्रस्तुति देने का अवसर भी प्रदान किया जाएगा।
एडीसी ने जिला के प्रतिभाशाली गायकों से इस अवसर का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के संबंध में अधिक जानकारी के लिए जिला भाषा अधिकारी के मोबाइल नंबर 82196-24178 पर संपर्क किया जा सकता है।
एडीसी ने बताया कि फैशन शो, फ्लैश मॉब, सामूहिक लोकनृत्य झमाकड़ा, चित्रकला प्रतियोगिता एवं प्रदर्शनी, महिलाओं की रस्साकशी, म्यूजिकल चेयर और कई अन्य गतिविधियों के माध्यम से भी होली उत्सव को ‘कलरफुल’ बनाया जाएगा। इनमें महिलाओं और जिला के विभिन्न शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों की भी अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

हमीरपुर : सुजानपुर में एक मार्च से 4 मार्च तक आयोजित किए जा रहे राष्ट्र स्तरीय होली उत्सव की चारों सांस्कृतिक संध्याओं में हिमाचल प्रदेश के लोक कलाकारों को अधिक से अधिक समय दिया जाएगा।
एडीसी एवं होली उत्सव सांस्कृतिक समिति के अध्यक्ष अभिषेक गर्ग ने बताया कि इन चारों सांस्कृतिक संध्याओं के लिए लोक कलाकारों के चयन हेतु अब 23, 24 और 25 फरवरी को उपायुक्त कार्यालय परिसर हमीरपुर के बचत भवन में ऑडिशन लिए जाएंगे। पहले ये ऑडिशन 20 फरवरी से आरंभ किए जाने थे, लेकिन अपरिहार्य कारणों से इनकी तिथि में बदलाव किया गया है। अब 23-24 फरवरी को जिला हमीरपुर के लोक कलाकारों और 25 फरवरी को अन्य जिलों के लोक कलाकारों के ऑडिशन लिए जाएंगे।
एडीसी ने सभी कलाकारों से अपील की है कि वे अपने आवेदनों के साथ अपने आधार नंबर, बैंक खाता नंबर और आईएफएससी कोड का सही विवरण अवश्य लिखें। क्योंकि, लोक कलाकारों के मानदेय की अदायगी डीबीटी के माध्यम से ही की जाएगी। लोक कलाकार अपने आवेदन उपायुक्त कार्यालय परिसर हमीरपुर के कमरा नंबर 207 में स्थित एमए ब्रांच में या ऑडिशन के समय मौके पर भी जमा करवा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए जिला भाषा अधिकारी के मोबाइल नंबर 82196-24178 पर संपर्क किया जा सकता है।

हमीरपुर : राष्ट्र स्तरीय होली उत्सव सुजानपुर-2026 के दौरान सीसीटीवी कैमरे लगाने और इनसे संबंधित अन्य सेवाओं के लिए 21 फरवरी सुबह साढे ग्यारह बजे तक उपायुक्त के सहायक आयुक्त कार्यालय में निविदाएं आमंत्रित की गई हैं।
उपायुक्त के सहायक आयुक्त चिराग शर्मा ने बताया कि ये निविदाएं उसी दिन खोल दी जाएंगी। निविदाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी के लिए सहायक आयुक्त कार्यालय में संपर्क किया जा सकता है। यह जानकारी जिला प्रशासन की वेबसाइट एचपीहमीरपुर.एनआईसी.इन hphamirpur.nic.in पर भी उपलब्ध है।

हमीरपुर : अणु के मैदान में 9 से 17 मार्च तक आयोजित होने वाली थल सेना भर्ती रैली के दौरान कंप्यूटर, लैपटॉप, प्रिंटर्स और अन्य सेवाओं के लिए 25 फरवरी सुबह ग्यारह बजे तक उपायुक्त के सहायक आयुक्त कार्यालय में निविदाएं आमंत्रित की गई हैं।
उपायुक्त के सहायक आयुक्त चिराग शर्मा ने बताया कि ये निविदाएं उसी दिन खोल दी जाएंगी। निविदाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी के लिए सहायक आयुक्त कार्यालय में संपर्क किया जा सकता है। यह जानकारी जिला प्रशासन की वेबसाइट एचपीहमीरपुर.एनआईसी.इन hphamirpur.nic.in पर भी उपलब्ध है।


