सेब बागवानों के साथ सरासर अन्याय कर रही सरकार – जयराम ठाकुर
सेब बागवानों के साथ सरासर अन्याय कर रही सरकार – जयराम ठाकुर
शिमला : हिमाचल प्रदेश में मार्केट इंटरवेंशन स्कीम (एमआईएस) के तहत सी-ग्रेड सेब खरीद की नई व्यवस्था पर पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सुक्खू सरकार के इस फैसले को बागवानों के साथ सरासर अन्याय करार देते हुए तीखा हमला बोला है। शिमला से जारी एक कड़े बयान में नेता प्रतिपक्ष ने सरकार की नीयत और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए कहा कि एक ओर प्रदेश सरकार सेब खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के बड़े-बड़े दावे कर अपनी पीठ थपथपा रही है, वहीं दूसरी ओर जमीनी हकीकत में बागवानों के अधिकारों पर कैंची चलाई जा रही है। नए नियमों के अनुसार अब एक बागवान से अधिकतम केवल 30 बोरी सी-ग्रेड सेब ही खरीदा जाएगा, जो सीधे तौर पर हिमाचल के मेहनतकश बागवानों की पीठ में छुरा घोंपने जैसा है। जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से सीधा और तीखा सवाल पूछा कि जिन बागवानों के बगीचों में 30 बोरी से अधिक सी-ग्रेड सेब का उत्पादन होगा, वे आखिरकार अपने बचे हुए सेब को लेकर कहां जाएंगे और उसकी बर्बादी का जिम्मेदार कौन होगा? उन्होंने सुक्खू सरकार को केवल प्रचारतंत्र, झूठ और बड़े-बड़े होर्डिंग्स के सहारे चलने वाली संवेदनहीन सरकार बताते हुए नसीहत दी कि मुख्यमंत्री देश भर में घूम-घूम कर झूठी वाहवाही लूटना और स्थानीय स्तर पर बागवानों की सुविधाएं छीनने की साजिशें रचना तुरंत बंद करें। पूर्व मुख्यमंत्री ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि कभी दूध खरीद की सीमा तय करना तो कभी कृषि और बागवानी उत्पादों की सरकारी खरीद में इस तरह की अड़चनें और बंदिशें पैदा करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है, जिसे किसी भी सूरत में ‘सुख की सरकार’ नहीं कहा जा सकता। आज हिमाचल का बागवान पूरी तरह संकट में है, लेकिन कांग्रेस सरकार उनकी समस्याओं को दूर करने के बजाय अपनी आंखें मूंदकर बैठी है। बागवानों को न तो समय पर स्प्रे ऑयल मिल रहा है, न गुणवत्तापूर्ण खाद, न दवाइयां और न ही एमआईएस के तहत बेचे गए सेब का पुराना भुगतान किया जा रहा है। सरकार राहत देने के बजाय हर रोज नई गाइडलाइन जारी कर बागवानों का मानसिक और आर्थिक उत्पीड़न कर रही है। नेता प्रतिपक्ष ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि भारतीय जनता पार्टी बागवानों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और इस जनविरोधी फैसले के खिलाफ बागवानों की आवाज को सड़क से लेकर सदन तक पूरी मजबूती के साथ बुलंद करती रहेगी। हाईकोर्ट के आदेशों से सुक्खू सरकार का राजनीतिक द्वेष और तानाशाही पूरी तरह बेनकाब पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मंडी जिला के देऊरी स्कूल भवन और मंडी मेयर शपथ विवाद में हिमाचल हाईकोर्ट के कड़े रुख का स्वागत करते हुए सुक्खू सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट के इन फैसलों ने कांग्रेस सरकार की संवेदनहीनता, तानाशाही और राजनीतिक द्वेष को पूरी तरह उजागर कर दिया है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है कि केवल राजनीतिक श्रेय लेने और केंद्रीय कांग्रेस नेताओं से उद्घाटन करवाने की जिद में सरकार ने नौनिहालों को तैयार सुरक्षित स्कूल भवन से वंचित रखा। वहीं, मंडी नगर निगम में भाजपा के प्रचंड बहुमत को न पचा पाने के कारण नवनिर्वाचित मेयर सुमन ठाकुर को शपथ न दिलाना सीधे तौर पर लोकतंत्र की हत्या और जनादेश का अपमान है। जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार की यह दमनकारी नीति कानून के सामने टिक नहीं पाई और न्यायपालिका ने सरकार को आईना दिखा दिया है। अब सुक्खू सरकार को राजनीतिक नफा-नुकसान छोड़कर तुरंत बच्चों को नए भवन में शिफ्ट करना चाहिए और नवनिर्वाचित मेयर और डिप्टी मेयर को पद की शपथ दिलवानी चाहिए।