हिमाचल: विधानसभा में तीन दिन का बजट सत्र 16 फरवरी से , सुरक्षा प्रबन्धों की बैठक में अधिकारियों को निर्देश..
हिमाचल: विधानसभा में तीन दिन का बजट सत्र 16 फरवरी से , सुरक्षा प्रबन्धों की बैठक में अधिकारियों को निर्देश..
शिमला: चौदहवीं विधान सभा के 11वें सत्र (बजट सत्र) के दृष्टिगत सुरक्षा व्यवस्था सम्बन्धित बैठक का आज आयोजन विधान सभा सचिवालय के मुख्य समिति कक्ष में किया गया जिसकी अध्यक्षता विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां द्वारा की गई। इस बैठक में प्रदेश सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव,गृह, वन एवं राजस्व, के0के0पंत, पुलिस महानिदेशक, अशोक तिवारी, प्रबन्ध निदेशक, हि0प्र0 राज्य विद्युत निगम आदित्य नेगी, जिलाधीश शिमला, अनुपम कश्यप,महानिरीक्षक सतर्कता, संतोष पटियाल, उप-महानिरीक्षक दक्षिण रेंज, अंजुम आरा, विधान सभा सचिव, यशपाल शर्मा, निदेशक सूचना एवं जनसम्पर्क हि0प्र0 एवं मुख्यमंत्री महोदय के प्रधान निजि सचिव, राजीव कुमार, विशेष सचिव सामान्य प्रशासन, हरबंस सिंह ब्रेस्कॉन, प्रबन्ध निदेशक हि0प्र0 राज्य पर्यटन विकास निगम, राजीव कुमार-॥, आयुक्त नगर निगम शिमला, भूपेन्द्र कुमार अत्री, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जिला शिमला, गौरव सिंह, निदेशक, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग हि0प्र0, डॉ0 गोपाल बैरी तथा लोक निर्माण विभाग, लोक निर्माण विभाग विद्युत, एस0जे0पी0एन0एल0, होम गार्ड व कई अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
विधान सभा अध्यक्ष ने कहा कि सभी प्रवेश पत्र online के बजाए हस्तलिखित माध्यम से जारी किए जाएंगे चूँकि हमने अभी हाल ही में हिमाचल ई-विधान को छोड़कर राष्ट्रीय ई-विधान (नेवा) को अपनाया है जिसका कार्य अभी प्रगति पर है। बैठक में सदस्यों तथा सत्र के कार्य से जुडे़ अधिकारियों व कर्मचारियों को कम से कम असुविधा हो के दृष्टिगत यह निर्णय लिया गया कि विधान सभा सचिवालय द्वारा जारी अधिकारी दीर्घा पास, स्थापना पास तथा प्रैस संवाददाताओं को जारी किए पास प्रमुखता से प्रदर्शित किए जाएंगे ताकि सुरक्षा कर्मियों द्वारा फ्रिस्किंग की कम से कम आवश्यकता रहे।
प्रैस संवाददाताओं की सुविधा एंव सार्वजनिक सुरक्षा को देखते हुए बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्रैस संवाददाताओं का प्रवेश यथावत गेट नं0 3,4,5 व 6 से ही रखा जाएगा। विधान सभा सचिवालय के अधिकारियों और कर्मचारियों को भी अपने पहचान पत्र प्रमुखता से प्रदर्शित करने होंगे। इसके अतिरिक्त यह भी निर्णय लिया गया कि कोई भी सरकारी अधिकारी/ कर्मचारी व अन्य पास धारक अपना शासकीय पास किसी अन्य को स्थानान्तरित नहीं करेगा, अन्यथा कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जा सकती है। बैठक के दौरान सुरक्षा की दृष्टि से विधान सभा अध्यक्ष को अवगत करवाते हुए पुलिस महानिदेशक, अशोक तिवारी ने कहा कि 500 के करीब जवान विधान सभा सत्र के दौरान सुरक्षा में मौजूद रहेंगे तथा सुरक्षा चाक-चौबंद रहेगी।
बैठक में निर्णय लिया गया कि विधान सभा परिसर की मुख्य पार्किंग में केवल मंत्रियों, विधायकों, मुख्य सचिव, अतिरिक्त मुख्य सचिवों एवं प्रशासनिक सचिवों के वाहनों को ही पार्किंग करने की अनुमति प्रदान की जाएगी। प्रैस संवाददाताओं के लिए विधान सभा चौक से गेट नं0 2 (30 मीटर दूर) तक गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था रहेगी जबकि विधान सभा सचिवालय अधिकारियों / कर्मचारियों को गेट नं0 2 (30 मीटर दूर) से महालेखाकार कार्यालय के बीच मॉल रोड़ पर चिन्हित स्थानों पर पार्किंग सुविधा उपलब्ध होगी।
आगे यह भी निर्णय लिया गया कि विधान सभा सचिवालय की ओर से जारी पार्किंग स्टिकरज वाहन के आगे प्रमुखता से प्रदर्शित किए जाएंगे, ताकि धारकों को कम से कम असुविधा का सामना करना पडे़। मोबाईल फोन, पेज़र आदि विधान सभा के अन्दर ले जाने पर पूर्णत: प्रतिबन्ध रहेगा।
मुख्यमंत्री तथा मंत्री परिषद के माननीय सदस्यों से आगन्तुक तथा जनप्रतिनिधि मण्डल विधान सभा स्थित प्रतीक्षालय में समय मिलने पर ही मिल सकेंगे। पुलिस विभाग तथा सी0आई0डी0 के अधिकारी आपसी तालमेल से इसकी व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे ताकि किसी भी तरह की असुविधा न हो।
विधान सभा अध्यक्ष ने कहा कि सुरक्षा में कोई भी चूक कतई बर्दाशत नहीं की जाएगी। उन्होने कहा कि विधान सभा की बाहरी तथा आन्तरिक सुरक्षा महत्वपूर्ण है। अध्यक्ष द्वारा जारी निर्देश संख्या -140 की अक्षरक्ष: अुनपालना सुनिश्चित की जाएगी ताकि आसन से जारी आदेश की कोई अवहेलना न हो। पुलिस विभाग कैमरा से भी सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करेगा। इसके अतिरिक्त विधान सभा परिसर में एक एम्बुलैंस जो आधुनिक सुविधाओं से लैस होगी व दो डॉक्टर तथा पैरामैडिकल स्टॉफ भी डयूटी पर तैनात रहेगा। कोई भी अधिकारी, आगन्तुक तथा मिडिया कर्मी सदन के अन्दर फोटाग्राफी तथा विडियोग्राफी नहीं कर सकेंगे अन्यथा नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। सत्र की कार्यवाही देखने आए आगन्तुकों को दर्शक दीर्घा में स्थान की उपलब्धता अनुसार पास जारी किए जाएँगे ।उन्होने अधिकारियों को विधान सभा भवन तथा परिसर की मुरम्मत का कार्य समय रहते पूर्ण करने तथा साफ – सफाई व्यवस्था उच्च स्तर पर रखने के दिशा – निर्देश भी जारी किए।