ताज़ा समाचार

शिमला: कांग्रेस पार्टी के विधायक, मंत्री और महापौर में तालमेल की कमी – संजय सूद

शिमला : भारतीय जनता पार्टी के शिमला से 2022 के प्रत्याशी संजय सूद ने कहा कि जिस तरीके से नगर निगम में स्थानीय विधायक ने सैहब सोसाइटी के कर्मचारियों को लेकर टिप्पणी की थी कि 300 के करीब कर्मचारी मुफ्त में बिना काम के तनख्वाह ले रहे हैं, बिल्कुल भी तर्कसंगत नहीं है और यह एक गंभीर मामला है। 

 भाजपा नेता ने कहा कि नगर निगम ने जिस तरीके से सभी कर्मचारियों को क्लिन चिट दी है उससे लगता है कि या तो स्थानीय विधायक ने बिना जानकारी एवं तथ्यों के अपनी राजनीति चमकाने के लिए नगर निगम सदन में यह बयान दिया है या फिर कांग्रेस पार्टी द्वारा चलाई जा रही नगर निगम में उनको बिल्कुल भी एहमियत नहीं दी जा रही है।

 उन्होनें कहा कि विधान सभा चुनावों में सैहब सोसाइटी के कर्मचारियों को सब्जबाग दिखाकर उनके वोट लेकर हरीश जनारथा विधायक तो बन गये परन्तु अब उन्हीं कर्मचारियों पर बिना तथ्यों के गलत इलजाम लगाकर उन्हें कर्मचारियों का मनोबल गिराने की कोशिश कर रहे हैं। 

 भाजपा नेता ने कहा कि सदन में सभी कर्मचारियों के तबादले के पास प्रस्ताव को को नगर निगम महापौर खारिज करते दिख रहे हैं, इससे जग जाहिर होता है कि कांग्रेस पार्टी के विधायक, मंत्री तथा महापौर में तालमेल की बहुत कमी है जिसका खामियाजा शहर की जनता को भुगतना पड़ रहा है, क्योंकि यह आरोप सदन के अंदर लगाए गए हैं, इसलिए आने वाले सदन में इस विषय पर दूध का दूध और पानी का पानी होना चाहिए।

 उन्होनें कहा कि शहर में कई वर्षों से बैठे हिमाचली तहबाजारियों को भी उचित स्थान उपलब्ध करावाए बिना विस्थापित किया जा रहा है जिससे उनकी रोजी-रोटी पर बन आई है। 

 संजय सूद ने कांग्रेस पार्टी को सलाह देते हुए कहा कि उन्हें आपसी लड़ाई को छोड़कर शहर की तरफ ध्यान देना चाहिए तथा लोगों की रोजी-रोटी की तरफ ध्यान देते हुए शहर की जनता को मूलभूत सुविधाएं प्रदान करनी चाहिए।

 साथ ही भाजपा नेता ने केन्द्र की मोदी सरकार का स्मार्ट सिटी की अवधि को एक वर्ष तक बढ़ाए जाने के लिए धन्यवाद व्यक्त किया है और कहा कि कांग्रेस पार्टी को भी इसके लिये दलगत राजनीति से उपर उठकर केन्द्र सरकार का धन्यवाद करना चाहिए और केन्द्र सरकार पर प्रदेश की ग्रांट रोकने जैसे बेबुनियाद बयानों से परहेज करना चाहिए।

सम्बंधित समाचार

Comments are closed