रुद्राक्ष की उत्पत्ति शिव के आंसुओं से मानी जाती है। इस बारे में पुराण में एक कथा प्रचलित है। कहते हैं एक बार भगवान शिव ने अपने मन को वश में कर दुनिया के कल्याण के लिए सैकड़ों सालों तक तप किया।...
उत्सवों के अवसरों पर किए जाने वाले नृत्यों की धुनें भी भिन्न-भिन्न किन्नौर के लोक नृत्यों में बक्यांङ, बङगयार शिमिंग क्यांग, बानयुंगचू वशीमिंग, जापरो, गर, छम, छेरकी क्यांग, थरक्यांग, खार,...
हिमाचल मेलों का महत्व व इनसे जुड़ी लोगों की भावनाएं हिमाचल की प्राचीन संस्कृति को दर्शाता है परम्परागत मेलों का आयोजन हिमाचल प्रदेश में मेले और उत्सव लोगों के जीवन का अनिवार्य और...
देवभूमि हिमाचल में बहुत से प्रसिद्ध मंदिर हैं। जहाँ ये मंदिर अपने आप में एक इतिहास संजोये हुए हैं वहीं ये मंदिर लोगों की गहरी आस्था का भी अटूट केंद्र है। लोग दूर-दूर से आकर अपने और अपने परिवार...
मानवाकृति के पशु और भगवान राम के संपर्क में आए अन्य पशु-पक्षियों के बारे में रहस्यमय जानकारी… भगवान राम का काल ऐसा जब धरती पर थीं विचित्र किस्म के लोग और प्रजातियां प्राकृतिक आपदा या अन्य...
धौलधार के ऊंचे पर्वत पर बसा प्राचीन मंदिर “भागसूनाग” धर्मशाला में मैक्लॉडगंज गंज से दो किलो मीटर दूर धौलधार की ऊंची पर्वत श्रृंखलाओं के आंचल में 5200 फुट की ऊंचाई पर स्थित भागसू नाग के...
चैत्र नवरात्र शुरू हो गए हैं। नवरात्रि यानी कि नौ रातें, चैत्र नवरात्र। हिन्दुओं के प्रमुख त्योहारों में से एक हैं। चैत्र नवरात्र के के साथ ही हिन्दू नव वर्ष की शुरुआत होती है। नवरात्रि...







