रोजगार युवाओं को नहीं, परिवार को प्राथमिकता; कांग्रेस सरकार विकास नहीं, वंशवाद का मॉडल चला रही है – अजय राणा
रोजगार युवाओं को नहीं, परिवार को प्राथमिकता; कांग्रेस सरकार विकास नहीं, वंशवाद का मॉडल चला रही है – अजय राणा
शिमला: भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अजय राणा ने उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि प्रदेश में विकास हो रहा है या परिवारवाद को संस्थागत रूप दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जनता के पैसे से निर्मित संस्थानों का नाम अपने परिवार के सदस्यों के नाम पर रखना कांग्रेस की राजनीतिक संस्कृति को दर्शाता है, जिसमें जनसेवा से अधिक महत्व व्यक्तिगत महिमामंडन को दिया जाता है।
अजय राणा ने कहा कि एक ओर प्रदेश के लाखों शिक्षित युवा रोजगार की प्रतीक्षा कर रहे हैं और कांग्रेस सरकार अपने चुनावी वादों के अनुसार एक लाख सरकारी नौकरियां तक उपलब्ध नहीं करा सकी, वहीं दूसरी ओर उपमुख्यमंत्री के परिवार से जुड़े घटनाक्रम लगातार चर्चा का विषय बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनता स्वाभाविक रूप से सवाल पूछ रही है कि क्या कांग्रेस सरकार में अवसर योग्यता के आधार पर मिल रहे हैं या सत्ता के प्रभाव के आधार पर।
उन्होंने कहा कि हाल ही में उपमुख्यमंत्री की पुत्री की हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में सहायक आचार्य के पद पर नियुक्ति भी व्यापक चर्चा का विषय बनी। भाजपा किसी व्यक्ति विशेष की योग्यता पर प्रश्न नहीं उठा रही, लेकिन जब प्रदेश का युवा वर्षों तक भर्ती परीक्षाओं, परिणामों और नियुक्तियों का इंतजार कर रहा हो, तब सरकार को पूरी चयन प्रक्रिया को पूर्ण पारदर्शिता के साथ सार्वजनिक करना चाहिए ताकि किसी प्रकार का संदेह उत्पन्न न हो।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस सरकार को यह भी बताना चाहिए कि करोड़ों रुपये की लागत से बने सरकारी कॉलेज का नाम किसी जननायक, शिक्षाविद, स्वतंत्रता सेनानी या प्रदेश के महान व्यक्तित्व के बजाय उपमुख्यमंत्री की पत्नी के नाम पर रखने की क्या आवश्यकता थी। क्या कांग्रेस सरकार के लिए सरकारी संस्थानों का नामकरण भी अब परिवार तक सीमित हो गया है?
अजय राणा ने कहा कि कांग्रेस सरकार का पूरा कार्यकाल परिवारवाद, राजनीतिक संरक्षण और आत्मप्रचार का प्रतीक बनता जा रहा है। एक तरफ प्रदेश आर्थिक संकट की बात की जाती है, दूसरी ओर सरकारी संसाधनों का उपयोग व्यक्तिगत छवि निर्माण के लिए किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि भाजपा का मानना है कि सरकारी संस्थान जनता की संपत्ति हैं और उनका नामकरण ऐसे व्यक्तित्वों के नाम पर होना चाहिए जिन्होंने समाज, शिक्षा, राष्ट्र या प्रदेश के लिए असाधारण योगदान दिया हो, न कि सत्ता में बैठे लोगों के परिजनों के नाम पर। अंत में अजय राणा ने कहा कि प्रदेश की जनता अब कांग्रेस सरकार से जवाब चाहती है। “क्या यही कांग्रेस का विकास मॉडल है—परिवारवाद, आत्मप्रचार और जनता के मुद्दों से ध्यान भटकाना?” उन्होंने कहा कि भाजपा इस मुद्दे को जनता के बीच मजबूती से उठाएगी और सरकार से पारदर्शिता एवं जवाबदेही की मांग करती रहेगी।