पंचायती राज संस्थाओं के तीसरे चरण के चुनाव में लगभग 81 प्रशित मतदान

सात राज्यों के 13 विधानसभा क्षेत्रों के लिए उपचुनाव

नई दिल्ली: निवार्चन आयोग ने निम्नलिखित विधानसभा क्षेत्रों में रिक्तियों को भरने के लिए उपचुनाव कराने का निर्णय लिया है:

क्रमांक

राज्य का नाम

विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र संख्या एवं नाम

रिक्ति का कारण

01.

बिहार

60-रूपौली

श्रीमती बीमा भारती का इस्तीफा

02.

पश्चिम बंगाल

35-रायगंज

श्री कृष्ण कल्याणी का इस्तीफा

03.

90-राणाघाट दक्षिण (एससी)

डॉ. मुकुट मणि अधिकारी का इस्तीफा

04.

94-बगदा (एससी)

श्री विश्वजीत दास का इस्तीफा

05.

167-मानिकतला

श्री साधन पाण्डेय की मृत्यु

06.

तमिलनाडु

75-विक्रवंडी

थिरु एन. पुगाजेन्थी की मृत्यु

07.

मध्य प्रदेश

123-अमरवाड़ा (एसटी)

श्री कमलेश प्रताप शाह का इस्तीफा

08.

उत्तराखंड

04-बद्रीनाथ

श्री राजेंद्र सिंह भंडारी का इस्तीफा

09

33-मंगलौर

श्री सरवत करीम अंसारी की मृत्यु

10

पंजाब

34-जालंधर पश्चिम (एससी)

श्री शीतल अंगुरल का इस्तीफा

11

हिमाचल प्रदेश

10-देहरा

श्री होशियार सिंह का इस्तीफा

12

38-हमीरपुर

श्री आशीष शर्मा का इस्तीफा

13

51-नालागढ़

श्री के.एल. ठाकुर का इस्तीफा

उप-चुनावों का कार्यक्रम अनुलग्नक-I पर संलग्न है ।

मतदाता सूची

आयोग का यह दृढ़ विश्वास है कि त्रुटिरहित और अद्यतन मतदाता सूचियाँ स्वतंत्र, निष्पक्ष और विश्वसनीय चुनावों की नींव हैं। इसलिए, इसकी गुणवत्ता, स्वास्थ्य और निष्ठा में सुधार पर व्‍यापक और लगातार ध्यान दिया जाता है। निर्वाचन कानून (संशोधन) अधिनियम-2021 द्वारा जनप्रतिनिधित्व अधिनियम-1950 की धारा 14 में संशोधन के बाद, एक वर्ष में मतदाता के रूप में नामांकन के लिए चार अर्हक तिथियों का प्रावधान है। तदनुसार, आयोग ने 1 जनवरी, 2024 को अर्हक तिथि मानते हुए मतदाता सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण किया, जिसमें 1 जनवरी, 2024 को अर्हक तिथि मानते हुए मतदाता सूची में पंजीकरण के इच्छुक पात्र नागरिकों से आवेदन आमंत्रित किए गए थे।  1 जनवरी, 2024 को अर्हक तिथि मानते हुए मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण के समयबद्ध समापन के बाद, मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन निम्नलिखित तिथियों पर किया गया है –

  • गुजरात, हिमाचल प्रदेश और त्रिपुरा के लिए 5 जनवरी, 2024;

  • बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक और तमिलनाडु के लिए 22 जनवरी, 2024;

  • उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के लिए 23 जनवरी, 2024; तथा

  • तेलंगाना और राजस्थान के लिए 8 फरवरी, 2024

हालांकि, मतदाता सूचियों के निरंतर अद्यतन करने की प्रक्रिया, नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि तक, निकटतम अर्हता तिथि तक जारी रहेगी।

  • इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) और वीवीपैट

आयोग ने इन उपचुनाव में सभी मतदान केंद्रों पर ईवीएम और वीवीपैट का इस्तेमाल करने का निर्णय लिया है। पर्याप्त संख्या में ईवीएम और वीवीपैट उपलब्ध कराई गई हैं और इन मशीनों की मदद से मतदान सुचारू रूप से कराने के लिए सभी कदम उठाए गए हैं।

मतदाताओं की पहचान

मतदाता की पहचान के लिए निर्वाचन फोटो पहचान पत्र (ईपीआईसी) मुख्य दस्तावेज होगा। हालांकि, मतदान केंद्र पर नीचे दिए गए पहचान दस्तावेजों में से कोई भी दस्‍तावेज दिखाया जा सकता है:

  1. आधार कार्ड,

  2. मनरेगा जॉब कार्ड,

  3. बैंक/डाकघर द्वारा जारी फोटोयुक्त पासबुक,

  4. श्रम मंत्रालय की योजना के तहत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड

  5. ड्राइविंग लाइसेंस,

  1. पैन कार्ड,

  2. एनपीआर के तहत आरजीआई द्वारा जारी स्मार्ट कार्ड,

  3. भारतीय पासपोर्ट,

  1. फोटो सहित पेंशन दस्तावेज़,

  2. केंद्र/राज्य सरकार/सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/सार्वजनिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा अपने कर्मचारियों को फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र जारी किए गए, और

  3. सांसदों/विधायकों/विधान पार्षदों को जारी किए गए आधिकारिक पहचान पत्र।

  4. सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार का विशिष्ट दिव्‍यांगता पहचान पत्र (यूडीआईडी) कार्ड

  • आदर्श आचार संहिता

आदर्श आचार संहिता उस जिले (जिले) में तुरंत प्रभाव से लागू होगी जिसमें चुनाव होने वाले विधानसभा क्षेत्र का पूरा या उसका कोई हिस्सा शामिल है, जो आयोग के पत्र संख्या 437/6/1एनएसटी/ईसीआई/फंक्शन/एमसीसी/2024/(उप चुनाव) दिनांक 14.03.2018 के तहत निर्देश के प्रावधान के अधीन है।

02 जनवरी, 2024 (आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध)

  • आपराधिक इतिहास के संबंध में जानकारी

आपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मीदवारों को अभियान अवधि के दौरान तीन मौकों पर समाचार पत्रों और टेलीविजन चैनलों के माध्यम से इस संबंध में जानकारी प्रकाशित करानी होती है। आपराधिक पृष्ठभूमि वाले उम्मीदवारों को खड़ा करने वाले राजनीतिक दल को भी अपने उम्मीदवारों की आपराधिक पृष्ठभूमि के बारे में अपनी वेबसाइट और समाचार पत्रों और टेलीविजन चैनलों पर तीन अवसरों पर जानकारी प्रकाशित करानी होती है।

आयोग ने अपने पत्र संख्या 3/4/2019/एसडीआर/वॉल्यूम IV दिनांक 16 सितंबर, 2020 के माध्यम से निर्देश दिया है कि निर्दिष्ट अवधि निम्नलिखित तरीके से तीन ब्लॉकों के साथ तय की जाएगी, ताकि मतदाताओं को ऐसे उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि के बारे में जानने के लिए पर्याप्त समय मिल सके:

  1. वापसी के पहले 4 दिनों के भीतर।

  2. अगले 5वें – 8वें दिन के बीच।

  3. प्रचार के 9वें दिन से लेकर अंतिम दिन तक (मतदान की तिथि से दूसरे दिन से पूर्व)

(उदाहरण: यदि नाम वापसी की अंतिम तिथि माह की 10 तारीख है और मतदान माह की 24 तारीख को है, तो घोषणा के प्रकाशन के लिए पहला ब्लॉक माह की 11 और 14 तारीख के बीच किया जाएगा, दूसरा और तीसरा ब्लॉक क्रमशः उस माह की 15 और 18 तथा 19 और 22 तारीख के बीच होगा ।)

यह आवश्यकता रिट याचिका (सी) संख्या 784/2015 (लोक प्रहरी बनाम भारत संघ एवं अन्य) और रिट याचिका (सिविल) संख्या 536/2011 (पब्लिक इंटरेस्ट फाउंडेशन एवं अन्य बनाम भारत संघ एवं अन्य) में माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के अनुपालन में है।

यह जानकारी ‘ अपने उम्मीदवारों को जानें ‘ नामक ऐप पर भी उपलब्ध होगी ।

  1. उपचुनाव के दौरान कोविड संबंधी व्यवस्था

आयोग ने आम चुनाव और उप-चुनावों के संचालन के दौरान पालन किए जाने वाले कोविड दिशानिर्देश जारी किए हैं जो आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं।

अनुलग्नक- I

उपचुनाव का कार्यक्रम

मतदान कार्यक्रम

अनुसूची

राजपत्र अधिसूचना जारी करने की तिथि

14.06.2024 (शुक्रवार)

नामांकन करने की अंतिम तिथि

21.06.2024 (शुक्रवार)

नामांकन की जांच की तिथि

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