ताज़ा समाचार

शिमला: शिक्षा से शिखर तक’ की ओर बढ़ते कदम, दयानन्द पब्लिक स्कूल में गूंजा वार्षिक समारोह का उल्लास

मिडिल विंग के वार्षिक समारोह में नन्हें सितारों ने बिखेरी प्रतिभा की चमक, मेधावी विद्यार्थियों को मिला सम्मान

शिमला: दयानन्द पब्लिक स्कूल, दी मॉल, शिमला में मिडिल विंग का वार्षिक समारोह ‘शिक्षा से शिखर तक’ थीम के साथ हर्षोल्लास, उत्साह और भव्यता से आयोजित किया गया। समारोह में विद्यार्थियों ने अपनी शैक्षणिक प्रतिभा, खेल कौशल एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से यह संदेश दिया कि सार्थक शिक्षा ही सफलता और शिखर तक पहुँचने का सबसे सशक्त मार्ग है। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात विद्यार्थियों एवं विद्यालय परिवार ने गरिमापूर्ण वातावरण में डी.ए.वी. गान प्रस्तुत किया। समारोह के मुख्य अतिथि माननीय विधायक हरीश जनार्था, शिमला शहरी का विद्यालय परिवार की ओर से पुष्पगुच्छ भेंट कर आत्मीय अभिनंदन किया गया तथा उन्हें स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया।

नन्हे विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत ने पूरे वातावरण को उत्साह और उमंग से भर दिया। इसके बाद विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती अनुपम ने मुख्य अतिथि, अभिभावकों, विद्यार्थियों एवं उपस्थित गणमान्य अतिथियों का औपचारिक स्वागत किया। उन्होंने विद्यालय की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए वर्षभर की शैक्षणिक, खेलकूद, सांस्कृतिक एवं अन्य गतिविधियों में विद्यालय की उपलब्धियों और विद्यार्थियों की उल्लेखनीय प्रगति पर प्रकाश डाला। समारोह का एक प्रमुख आकर्षण पुरस्कार वितरण समारोह रहा। शैक्षणिक क्षेत्र के साथ-साथ खेलकूद एवं विभिन्न सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। पुरस्कार प्राप्त करते समय विद्यार्थियों के चेहरों पर दिखाई दे रहा आत्मविश्वास और खुशी उनके अथक परिश्रम एवं उपलब्धियों की कहानी बयां कर रहा था। तालियों की गड़गड़ाहट से पूरा सभागार गूंज उठा।

इसके पश्चात विद्यालय के नन्हे-मुन्ने कलाकारों ने मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। रंग-बिरंगे परिधानों में सजे विद्यार्थियों की शानदार प्रस्तुतियों में भारतीय संस्कृति, कला, संगीत और जीवन-मूल्यों की सुंदर झलक देखने को मिली। उनकी ऊर्जा, आत्मविश्वास और मंचीय प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। समारोह के मुख्य अतिथि श्री हरीश जनार्धा ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों की शानदार प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए विद्यालय परिवार को बधाई दी। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों के व्यक्तित्व, संस्कार, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता का निर्माण करती है। उन्होंने विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाते हुए उन्हें निरंतर मेहनत करने, बड़े सपने देखने और अपने लक्ष्य की ओर दृढ़ता से आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यालय की गतिविधियों और उपलब्धियों की प्रशंसा करते हुए भविष्य में भी विद्यालय को हर संभव सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया।

समारोह के समापन अवसर पर प्रधानाचार्या अनुपम ने मुख्य अतिथि, सम्मानित अभिभावकों, विद्यार्थियों, अध्यापकों एवं विद्यालय परिवार के सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की प्रत्येक उपलब्धि के पीछे उनके अभिभावकों और शिक्षकों के निरंतर सहयोग एवं मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका है। अंत में शांति पाठ के साथ समारोह का गरिमापूर्ण समापन हुआ। पूरा आयोजन विद्यार्थियों की प्रतिभा, अनुशासन, संस्कार और आत्मविश्वास का जीवंत प्रदर्शन रहा। ‘शिक्षा से शिखर तक का संदेश लिए यह वार्षिक समारोह नन्हे विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की नई उम्मीद और नई ऊर्जा के साथ यादगार बन गया।

सम्बंधित समाचार

Comments are closed