
नई दिल्ली: उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने नई दिल्ली के जल शक्ति मंत्रालय द्वारा आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय विभागीय जल सुरक्षा शिखर सम्मेलन के समापन सत्र में भाग लिया, जिसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की।
सम्मेलन में देश में जल सुरक्षा, जल संरक्षण, पेयजल व्यवस्था, जल संसाधनों के प्रभावी प्रबंधन तथा जल क्षेत्र में आधुनिक तकनीक के उपयोग से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
उप-मुख्यमंत्री ने कहा कि जल संरक्षण आज देश की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है। हिमाचल जैसे पर्वतीय राज्य में प्राकृतिक जल स्रोतों का संरक्षण, पेयजल योजनाओं को सुदृढ़ करना और जल संसाधनों का वैज्ञानिक एवं सतत प्रबंधन बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़कर व्यापक जन आंदोलन का रूप दिया जाना चाहिए। साथ ही, केंद्र और राज्यों के बीच बेहतर समन्वय तथा विभिन्न राज्यों के सफल अनुभवों के आदान-प्रदान से जल क्षेत्र की चुनौतियों का प्रभावी समाधान किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन और बदलते मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए जल संसाधनों के संरक्षण के लिए दीर्घकालिक योजना और आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग समय की आवश्यकता है। हिमाचल प्रदेश सरकार जल संरक्षण और जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
शिमला : शिमला जिले के जुब्बल क्षेत्र के चमारू गांव में भीषण अग्निकांड से हड़कंप मच गया। देखते ही देखते आग में दो मकान पूरी तरह जलकर राख हो गए। जानकारी के अनुसार, चमारू गांव में लोकेंद्र चौहान के घर में दोपहर करीब 12 बजे अचानक आग लग गई। आग की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू किए। हालांकि, आग की भयावहता के चलते दोनों मकानों को नहीं बचाया जा सका। राहत की बात यह रही कि इस भीषण अग्निकांड में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है।
हादसे में दोनों मकानों के जलकर राख होने से परिवार को भारी नुकसान हुआ है।फिलहाल आग लगने के सटीक कारणों का पता नहीं चल पाया है। संबंधित विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर आगजनी से हुए नुकसान का जायजा ले रही है।

शिमला: उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से भेंट की और हिमाचल प्रदेश से संबंधित कई महत्त्वपूर्ण परिवहन मुद्दों को उनके समक्ष रखा।
बैठक के दौरान उप-मुख्यमंत्री ने प्रदेश के कॉन्ट्रैक्ट कैरिज वाहन संचालकों की लंबे समय से चली आ रही मांग के बारे में केंद्रीय मंत्री को अवगत करवाया। उन्होंने पर्यटक वाहन के रूप में उपयोग किए जाने वाले वाहनों की स्वीकार्य (पर्मिसिबल एज लिमिट) आयु सीमा को 12 वर्ष से बढ़ाकर 15 वर्ष करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट योजना के अंतर्गत आने वाले वाहनों की आयु सीमा पहले ही बढ़ाई जा चुकी है। उन्होंने सड़क सुरक्षा से किसी प्रकार का समझौता किए बिना कॉन्ट्रैक्ट कैरिज वाहनों को भी इसी प्रकार की राहत देने का आग्रह किया।
प्रदेश के टैक्सी संचालकों और पर्यटन क्षेत्र को बड़ी राहत देते हुए टूरिस्ट परमिट के तहत राज्य के भीतर संचालित टैक्सियों की वैधता अवधि 12 वर्ष से बढ़ाकर 15 वर्ष करने का महत्त्वपूर्ण निर्णय लिया गया था।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इस संबंध में आवश्यक अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए।
श्री अग्निहोत्री ने हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी राज्य में ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के अपर्याप्त बुनियादी ढांचे के बारे में भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि वर्तमान में प्रदेश में केवल दो एटीएस कार्यरत हैं। उन्होंने आग्रह किया कि जब तक हिमाचल प्रदेश में पर्याप्त एटीएस स्थापित नहीं हो जाते, तब तक परिवहन संचालकों को होने वाली कठिनाइयों को देखते हुए मैनुअल फिटनेस टेस्टिंग व्यवस्था को समानांतर रूप से जारी रखने की अनुमति प्रदान की जाए।
श्री गडकरी ने राज्य सरकार की सभी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का आश्वासन दिया तथा प्रदेश सरकार के सभी निर्माणाधीन एटीएस केन्द्रों की स्थिति एवं संबंधित विवरण उपलब्ध करवाने को कहा।
श्री अग्निहोत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा यह विवरण तत्काल भेजा जाएगा।
बैठक में कीरतपुर-बिलासपुर-मंडी मार्ग पर गति सीमा को 60 किलोमीटर प्रति घंटा से बढ़ाकर 80 किलोमीटर प्रति घंटा करने पर भी सहमति बन।
इसके अलावा, मुकेश अग्निहोत्री के आग्रह पर अमृतसर-होशियारपुर राष्ट्रीय राजमार्ग को पंडोगा (पंजाबदृहिमाचल सीमा) से झलेड़ा, ऊना तक राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क से जोड़ने बारे आवश्यक निर्देश जारी किए गए।
उप-मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के सकारात्मक दृष्टिकोण और सहयोग के लिए उनका आभार व्यक्त किया और आशा व्यक्त की कि लंबित मामलों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित होगा, जिससे प्रदेश के परिवहन क्षेत्र को लंबे समय से अपेक्षित राहत मिल सकेगी।

शिमला:भारतीय विधि संस्थान हरिदेवी, घणाहट्टी, राजकीय आईटीआई चौड़ा मैदान, जिला शिमला तथा बाहरा विश्वविद्यालय वाकनाघाट, जिला सोलन के छात्र -छात्राओं ने विधान सभा सचिवालय पहुँचकर आज हिमाचल प्रदेश विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां से मुलाकात की तथा सदन की कार्यवाही को देखा। मुलाकात के दौरान छात्रों ने विधान सभा अध्यक्ष से संसदीय प्रणाली, विधान सभा की कार्यवाही, पीठासीन अधिकारी की सदन में भूमिका तथा सत्र संचालन सम्बन्धी कई प्रश्न पूछे। विधान सभा अध्यक्ष ने सभी छात्रों को इसकी भरपूर जानकारी दी तथा सदन में आज होने वाली कार्यवाही से भी अवगत करवाया।
छात्र -छात्राओं से संवाद के दौरान पठानियां ने कहा कि विधायक का चुनाव जनता अपने मत द्वारा सीधे तौर पर करती है तथा हमारे देश में लोकतान्त्रिक प्रणाली विद्यमान है। पठानियां ने कहा कि हमारा देश तथा प्रदेश नियमानुसार लोकतान्त्रिक प्रणाली से संवैधानिक व्यवस्था के अनुसार चलता है। पठानियां ने कहा कि कानून बनाने का काम लोक सभा तथा विधान सभा के पास है जिसका संविधान में प्रावधान किया गया है। पठानियां ने कहा कि डॉ० भीम राव अम्बेदकर ने दुनियां के सारे देशों के संविधान का गहन अध्ययन करने के उपरान्त भारतीय संविधान की रचना की जिसके अधीन आज 140 करोड़ भारतीय एकजुटता, आपसी सदभाव तथा प्रेम भाव से रह रहे हैं तथा इस राष्ट्र की खुशहाली, प्रगति तथा समृद्धि के लिए दिन रात प्रयत्नशील हैं।
पठानियां ने कहा कि आप सभी युवा अब लोकतन्त्र के प्रहरी हैं तथा इस देश की संसदीय प्रणाली को मजबूत करना अब आपका जिम्मा है। पठानियां ने कहा कि आप सभी राष्ट्र निर्माण में अपना अपना योगदान अलग अलग भूमिका में दे सकते हैं वह चाहे प्रशासनिक अधिकारी के रूप में हो या एक जनप्रतिनिधि के रूप में। आप सभी इस प्रदेश तथा देश के भविष्य हैं और आप सभी के जहन में रहना चाहिए की लाखों स्वतंत्रता सैनानियों की कुर्बानियों की वजह से हमें आजादी मिली है जहाँ हमारे पास अपनी चुनी हुई सरकार है वहीं अपना संविधान भी है। उन्होने कहा कि सरकार चुनने का अधिकार सीधे जनता के पास है तथा एक निश्चित अवधि के बाद यदि जनता चाहे तो सरकार को अपने मत से बदल भी सकती है। पठानियां ने सभी छात्रों को सदन की कार्यवाही देखने को आमंत्रित किया तथा अपनी ओर से शुभकामनाएँ दी।

शिमला: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज मालरोड शिमला स्थित ‘सहकार सदन’ के नवीनीकरण कार्य का वर्चुअल माध्यम से शिलान्यास किया। इस नवीनीकरण कार्य पर 2.85 करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि परियोजना के तहत इमारत की हर मंजिल को विशेष रूप से व्यवस्थित किया जाएगा। इस नवीनीकरण से पुराने भवन को एक नया आयाम मिलेगा।
ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा कि सहकार भवन के नवीनीकरण कार्य को 15 जून, 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस बहुमंजिला इमारत का कायाकल्प कर इसे अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक प्रदेश का अग्रणी सहकारी बैंक है, यह प्रदेशभर में आधुनिक और भरोसेमंद बैंकिंग सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्धता से कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि बैंक की पुरानी शाखाओं और इमारतों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है।
परियोजना के तहत मेजनाइन फ्लोर पर आधुनिक वर्कस्टेशन और केबिन पार्टीशन तैयार किए जाएंगे और ग्राउंड फ्लोर पर नया रिसेप्शन वर्कस्टेशन और एडवांस स्क्रीनिंग एरिया बनाया जाएगा। इसके अतिरिक्त बेसमेंट-1 में कॉन्फ्रेंस हॉल व वर्कस्टेशन, बेसमेंट-2 में बच्चों के लिए समर्पित क्रैच क्षेत्र, बेसमेंट-3 में आधुनिक आधारभूत सुविधाएं और एक व्यवस्थित स्टोरेज एलिवेशन का निर्माण किया जाएगा।
हमीरपुर : जवाहर नवोदय विद्यालय डूंगरी में शैक्षणिक सत्र 2027-28 के दौरान नौंवीं और ग्यारहवीं कक्षा में रिक्त सीटों को भरने के लिए पार्श्व प्रवेश परीक्षा 10 अप्रैल 2027 को आयोजित की जाएगी। इस प्रवेश परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर निर्धारित की गई है। ये आवेदन वेबसाइट सीबीएसईआईटीएमएस.एनआईसी.इन/2026 पर किए जा सकते हैं।
शैक्षणिक सत्र 2026-27 के दौरान जिला हमीरपुर के किसी भी मान्यता प्राप्त स्कूल में आठवीं कक्षा में पढ़ रहे विद्यार्थी नवोदय की नौंवीं कक्षा की खाली सीटों के लिए और दसवीं में पढ़ रहे विद्यार्थी नवोदय की ग्यारहवीं कक्षा की खाली सीटों के लिए आवेदन कर सकते हैं।
नवोदय विद्यालय के प्राचार्य विक्रम कुमार ने बताया कि अगर किसी विद्यार्थी को आवेदन में किसी भी तरह की दिक्कत आ रही है तो वह किसी भी कार्य दिवस में विद्यालय के हेल्प डेस्क नंबर 9478179594 या मोबाइल नंबर 82194-82550 पर सुबह 9 से सायं 4 बजे तक संपर्क कर सकता है।

हमीरपुर : हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग (एचपीआरसीए) ने स्वास्थ्य विभाग और मेडिकल शिक्षा विभाग में रेडियोग्राफर (जॉब ट्रेनी) के 58 पदों को पोस्ट कोड-26009 के अंतर्गत भरने के लिए आयोजित कंप्यूटर बेस्ड स्क्रीनिंग टेस्ट (सीबीटी) का परिणाम घोषित कर दिया है। यह परीक्षा परिणाम आयोग की वेबसाइट एचपीआरसीए.एचपी.जीओवी.इन पर उपलब्ध करवा दिया गया है।
आयोग के सचिव डॉ. विक्रम महाजन ने बताया कि रेडियोग्राफर (जॉब ट्रेनी) के 58 पदों के लिए 337 उम्मीदवारों ने आवेदन किया था, जिनमें से 302 उम्मीदवारों ने सीबीटी परीक्षा दी थी। इस परीक्षा में उत्तीर्ण 105 उम्मीदवारों को डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए बुलाया जा रहा है जोकि 15 सितंबर को सुबह 10 बजे से आयोग के परिसर में आरंभ होगी। इसका शेड्यूल वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा और उम्मीदवारों को उनकी ईमेल आईडी पर भी सूचना दी जाएगी। उन्हें अलग से बुलावा पत्र नहीं भेजे जाएंगे। डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के समय इन उम्मीदवारों को अपने साथ सभी आवश्यक दस्तावेजों की मूल प्रतियां, इनकी सेल्फ अटेस्टड फोटो प्रतियों के दो-दो सैट, आवेदन पत्र की डाउनलोडड कॉपी और आईडी प्रूफ इत्यादि साथ लाने होंगे।
सचिव ने बताया कि अगर कोई उम्मीदवार निर्धारित तिथि को डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए उपस्थित नहीं होता है तो उसे कोई और अवसर नहीं दिया जाएगा।

हमीरपुर : हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग (एचपीआरसीए) ने स्वास्थ्य विभाग और मेडिकल शिक्षा विभाग में ऑपरेशन थिएटर असिस्टेंट (जॉब ट्रेनी) के 236 पदों को पोस्ट कोड-26008 के अंतर्गत भरने के लिए आयोजित कंप्यूटर बेस्ड स्क्रीनिंग टेस्ट (सीबीटी) का परिणाम घोषित कर दिया है। यह परीक्षा परिणाम आयोग की वेबसाइट एचपीआरसीए.एचपी.जीओवी.इन पर उपलब्ध करवा दिया गया है।
आयोग के सचिव डॉ. विक्रम महाजन ने बताया कि ऑपरेशन थिएटर असिस्टेंट (जॉब ट्रेनी) के 236 पदों के लिए 202 उम्मीदवारों ने आवेदन किया था, जिनमें से 184 उम्मीदवारों ने सीबीटी परीक्षा दी थी। इस परीक्षा में उत्तीर्ण 160 उम्मीदवारों को डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए बुलाया जा रहा है जोकि 14 सितंबर को सुबह 10 बजे से आयोग के परिसर में आरंभ होगी। इसका शेड्यूल वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा और उम्मीदवारों को उनकी ईमेल आईडी पर भी सूचना दी जाएगी। उन्हें अलग से बुलावा पत्र नहीं भेजे जाएंगे। डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के समय इन उम्मीदवारों को अपने साथ सभी आवश्यक दस्तावेजों की मूल प्रतियां, इनकी सेल्फ अटेस्टड फोटो प्रतियों के दो-दो सैट, आवेदन पत्र की डाउनलोडड कॉपी और आईडी प्रूफ इत्यादि साथ लाने होंगे।
सचिव ने बताया कि अगर कोई उम्मीदवार निर्धारित तिथि को डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए उपस्थित नहीं होता है तो उसे कोई और अवसर नहीं दिया जाएगा।
हमीरपुर : हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग (एचपीआरसीए) ने स्कूल शिक्षा विभाग में समाज शास्त्र के शिक्षकों के 108 पदों को फिक्स मानदेय के आधार पर भरने के लिए पोस्ट कोड-26029 के तहत आयोजित कंप्यूटर आधारित परीक्षा में सफल हुए उम्मीदवारों के दस्तावेजों की जांच के बाद अंतिम परिणाम घोषित कर दिया है।
आयोग के सचिव डॉ. विक्रम महाजन ने बताया कि इन पदों के लिए कुल 439 उम्मीदवारों ने आवेदन किया था, जिनमें से 374 उम्मीदवारों ने कंप्यूटर आधारित परीक्षा दी थी और इस परीक्षा में 225 उम्मीदवारों का चयन दस्तावेजों की जांच के लिए किया गया था। 24 और 25 अगस्त को दस्तावेजों की जांच के बाद 107 उम्मीदवारों का चयन किया गया है। पात्र उम्मीदवार न मिलने के कारण एससी (स्वतंत्रता सेनानी परिजन) वर्ग का एक पद खाली रह गया है। सचिव ने बताया कि यह अंतिम परिणाम सभी उम्मीदवारों के नाम, रोल नंबर और अंकों सहित आयोग की वेबसाइट एचपीआरसीए.एचपी.जीओवी.इन पर उपलब्ध करवा दिया गया है।