जारी रहेगी खाद्य प्रसंस्करण योजना

जारी रहेगी खाद्य प्रसंस्करण योजना

शिमला: राज्य सरकार ने खाद्य प्रसंस्करण के राष्ट्रीय मिशन, जिसे केन्द्र सरकार ने वर्ष 2015-16 से डी-लिंक कर दिया है, को राज्य खाद्य प्रसंस्करण मिशन (एसएमएफपी) के रूप में जारी रखने का निर्णय लिया है जिससे प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा सकें। प्रदेश सरकार के एक प्रवक्ता ने आज यहां यह जानकारी देते हुए कहा कि एसएमएफपी के कार्यान्वयन के लिए राज्य उद्योग विभाग मिशन निदेशालय के तौर पर कार्य करेगा। यह योजनाएं शत-प्रतिशत राज्य प्रायोजित योजनाए होंगी।

प्रवक्ता ने कहा कि एसएमएफपी के अन्तर्गत छह योजनाएं कार्यान्वित की जा रही हैं। एफपीआई के तकनीकी स्तरोन्यन/स्थापना/आधुनिकीकरण के अन्तर्गत सहायता अनुदान 33 प्रतिशत होगा, जिसके लिए अधिकतम सीमा 75 लाख रुपये निर्धारित की गई है। गैर बागवानी उत्पाद योजना के लिए कोल्ड चेन के अन्तर्गत 50 प्रतिशत सहायता अनुदान दिया जाएगा, जिसके लिए 5 करोड़ रुपये अधिकतम सीमा निर्धारित की गई है।

उन्होंने कहा कि संगोष्ठी/कार्यशालाओं के आयोजनों, अध्ययन/सर्वेक्षणों के संचालन, प्रदशर्नियों/मेलों में सहयोग तथा विज्ञापन एवं प्रचार योजना जैसी गतिविधियों के लिए सहायता अनुदान 50 प्रतिशत होगा। सेमीनार/कार्यशाला के आयोजन तथा अध्ययन एवं सर्वेक्षण के संचालन के लिए प्रत्येक के लिए चार लाख रुपये उपलब्ध होंगे। सहायता प्रस्ताव की वरियता पर निर्भर करेगी।

प्रवक्ता ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्राथमिक प्रसंस्करण केन्द्रों/एकत्रीकरण के सृजन के लिए योजना के अन्तर्गत 75 प्रतिशत सहायता अनुदान 2.50 करोड़ रुपये की अधिकतम सीमा के साथ उपलब्ध करवाया जाएगा तथा मीट शॉप योजना के अनुनिकीकरण के लिए 75 प्रतिशत 5 लाख रुपये की अधिकतम सीमा के साथ दिया जाएगा। रीफर व्हीकल योजना के अन्तर्गत 50 प्रतिशत सहायता अनुदान 50 लाख रुपये की अधिकतम सीमा के साथ निर्धारित किया गया है।

उन्होंने कहा कि अधिक जानकारी के लिए संबंधित जिला के जिला औद्योगिक केन्द्र के महाप्रबन्धक, बद्दी, परवाणु, नालागढ़, पांवटा साहिब, काला अम्ब, संसारपुर टैरेस, डमटाल, ग्वालथाई स्थित संबंधित एकल खिड़की कार्यालय के सदस्य सचिव से सम्पर्क किया जा सकता है। सूचना प्राप्त करने के लिए 0177-2813414 तथा 2652677 दूरभाष नम्बरों तथा वैबसाईट www.himachal.nic.in/industry से भी सम्पर्क किया जा सकता है।

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