सी.यू. के लिए 740.79 करोड़ रुपए मंज़ूर : अनुराग ठाकुर

सी.यू. के लिए 740.79 करोड़ रुपए मंज़ूर : अनुराग ठाकुर

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जताया आभार 

शिमला : केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट अफ़ेयर्स राज्यमंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश के देहरा व धर्मशाला में बनने वाले केंद्रीय विश्वविद्यालय परिसर के लिए वित्त मंत्रालय द्वारा कुल 740.79 करोड़ रुपए की मंज़ूरी मिलने की जानकारी देते हुए इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार प्रकट किया है।

अनुराग ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के छात्रों को प्रदेश के अंदर गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए साल 2010 से ही मैं प्रदेश में केंद्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए प्रयासरत हूँ। अब जल्द ही हिमाचल के छात्रों को अच्छी शिक्षा और बेहतर भविष्य के लिए राज्य से बाहर का रूख नहीं करना पड़ेगा क्योंकि हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के देहरा विधानसभा एवं काँगड़ा के धर्मशाला में सी.यू. निर्माण के लिए वित्त मंत्रालय ने प्रस्तावित 740.79 करोड़ रुपए की मंज़ूरी दे दी है। एक लंबे संघर्ष व इंतज़ार के बाद प्रदेश के लाखों छात्रों व हम सब का सपना साकार होने जा रहा है। इस मंज़ूरी के लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार प्रकट किया है।

अनुराग ठाकुर ने कहा कि हिमाचल में केंद्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए 2020-21 से तीन वर्षों की टाईमलाइन अर्थात् 2022-23 प्रस्तावित है जिसकी लागत कुल 740.79 करोड़ रुपए की राशि प्रस्तावित थी। 740.79 करोड़ रुपए की इस राशि में 512.37 करोड़ रुपए देहरा व धर्मशाला में स्थायी कैम्पस के निर्माण के लिए व 210.55 करोड़ रुपए रखरखाव पर खर्च होंगे। 2020-21 से 2022-23 की अवधि के दौरान बजट अनुदान से विश्वविद्यालय को 512.37 करोड़ की धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी। हिमाचल प्रदेश की यह यूनिवर्सिटी भारत को एक कुशल कार्यबल और ज्ञान आधारित समाज के निर्माण में मदद करेगी ऐसा मुझे पूर्ण विश्वास है।

अनुराग ठाकुर ने कहा कि केंद्र व हिमाचल प्रदेश की डबल इंजन की भाजपा सरकार प्रदेश के चहुँमुखी विकास के लिए कटिबद्ध है और हम आपसी समन्वय से इस दिशा में कार्यरत हैं। हिमाचल प्रदेश में केंद्रीय विश्वविद्यालय का निर्माण हो व हमारे छात्रों को प्रदेश के अंदर ही उच्च गुणवत्तायुक्त शिक्षा का मार्ग प्रशस्त हो ये हम सभी की इच्छा है और यह मंज़ूरी इस स्वप्न को साकार करने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी।

सम्बंधित समाचार

अपने सुझाव दें

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  −  2  =  4