मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पेश किया 49,131 करोड़ रूपये का बजट...मुख्य बिंदु

हिमाचल बजट के मुख्य बिंदु:-

शिमला: मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने आज  हिमाचल विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2020-21 का 49,131 करोड़ रूपये का बजट पेश किया।  …मुख्य बिंदु:-

  • प्रदेश के सम्पूर्ण राज्य दर्जा प्राप्त करने के 50वें वर्ष1 को हिमाचल प्रदेश स्वर्ण जयन्ती वर्ष के रूप में मनाया जाएगा।
  • फरवरी, 2020 तक 189 जनमंच कार्यक्रम आयोजित किए गए जिनमें 47 हजार 848 शिकायतें व माँगे प्राप्त हुईं, इनमें से 43 हजार 548 शिकायतों का सन्तोष जनक निपटारा किया गया।
  •  ‘मुख्यमन्त्री सेवा संकल्प’ के माध्यम से फरवरी, 2020 तक 37 हजार 990 शिकायतों का
    सन्तोषजनक निवारण किया गया।
  • 2019-20 में विकास दर 5.6 प्रतिशत रहने का अनुमान।
  • पिछडे़ क्षेत्रों में एक न्य “Aspirtational Development” Block programme (ADBP) शुरू होगा।
  • Disrtict Good Governance Index में प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले जिलों को ईनाम दिये जाएंगे।
  •  2020-21 की वार्शिक योजना 7,900 करोड़ रुपये की होगी।
  •  विधायक प्राथमिकता योजनाओं के लिए प्रति विधानसभा चुनाव क्षेत्र धनराशि सीमा 120 करोड़ रुपये होगी।
  • विधायक क्षेत्र विकास निधि योजना के अन्तर्गत अब 1 करोड़ 75 लाख रुपये तथा विवेक अनुदान राशि 10 लाख रुपये होगी।
  •  माननीय विधायकों, राजपत्रित श्रेणी !&!! के सरकारी अधिकारियों तथा अन्य संपन्न वर्ग से PDS के अन्तर्गत मिलने वाले उपदान को स्वेच्छा से त्याग करने की अपील।
  • ‘गृहिणी सुविधा योजना’ के तहत नये पात्र परिवारों को भी लाभान्वित किया जाएगा।
  • किसानों/बागवानों के FPOS के लिए 20 करोड़ का कृषि कोश।
  • हींग तथा केसर की खेती को बढ़ावा देने के लिए “कृषि से संपन्नता योजना” (KSY) आरम्भ होगी।
  •  2020-21 के अन्त तक कम से कम 20 हजार हैक्टेयर क्षेत्र को प्राकृतिक कृषि के अन्तर्गत लाया जाएगा।
  •  नादौन मध्यम सिंचाई परियोजना को कमीशन कर दिया जाएगा।
  • प्रधानमन्त्री कृषि सिंचाई याजेना के अन्तर्गत 338 करोड़ की लागत से 111 लघु सिंचाई योजनाओं का कार्य पूरा किया जाएगा तथा 87 करोड़ की लागत से 4 नई योजनायें भारत सरकार द्वारा अनुमोदित।
  • Command Area Development (CAD) योजना के अन्तर्गत किसानों के खेतों तक पानी पहुँचाने पर बल।
  • कृषि उत्पाद संरक्षण (एण्टी हेलनेट) योजना “(KUSHY)” के अन्तर्गत हेल नेट के लिए बाँस अथवा स्टील के स्थाई structure पर 50 प्रतिशत अनुदान देय होगा।
  • मधुमक्खी पालन से सम्बन्धित गतिविधियों के लिए मधु उत्पादन एवम् प्रसस्ं करण योजना (MUPY) शुरू।

    मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पेश किया 49,131 करोड़ रूपये का बजट...मुख्य बिंदु

    मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने पेश किया 49,131 करोड़ रूपये का बजट…मुख्य बिंदु

  •  सुगन्धित पौधों के लिए एक नई योजना ‘महक’ का आरम्भ।
  • 11 जिलों के 3,300 गाँवों में निःशुल्क गर्भाधान योजना आरम्भ होगी।
  • काँगड़ा जिला में जर्सी गायों की बछड़ियों के सम्पूर्ण स्वास्थ्य परीक्षण के लिए कार्यक्रम।
  • गैर-जनजातीय जिलों मे एक गौ-अरण्य एवं एक बड़े गौ-सदन की स्थापना।
  •  सभी वर्गों के लाभार्थी प्रजनन के लिए भेड़ पर उपदान के पात्र होंगे।
  •  मुर्गी पालन क्षेत्र में ”हिम कुक्कुट पालन योजना“(HIMKUPY) आरम्भ होगी।
  •  पशुपालकों के लिए प्रदेश में पायलट आधार पर
  • मोबाईल पशुचिकित्सा सेवा (MOVES)“ का प्रावधान।
  • दूध खरीद मूल्य को 2 रुपये बढ़ाया जाएगा।
  •  जल संग्रहण, प्रबन्धन एवम् संरक्षण के लिए नई
  • योजना ‘पर्वत धारा’ का आरम्भ किया जाएगा।
  • वन क्षेत्र में इस योजना का कार्यान्वयन वन विभाग द्वारा किया जाएगा।
  • प्रदेश भर में 2,000 लोकमित्र केन्द्रों की स्वीकृति।
  • मनरेगा कामगारों को कौशल प्रशिक्षण के लिए नई योजना ‘उन्नति’ तथा ग्रामीण क्षेत्रों में पार्क एवं बाग बनाने के लिए ‘पंचवटी’ योजना आरम्भ की जाएगी।
  •  500 ग्राम पंचायतों को कचरा मुक्त बनाने का लक्ष्य।
  •  तम्बाकू सेवन मुक्त पंचायत को 5 लाख रुपये अनुदान।
  • 12,000 हैक्टेयर भूमि पर पौधरोपण।
  •  वन विभाग की पौधाशालाओं में 50,000 चंदन के पौधे तैयार किए जाएंगे।
  •  बजट में शिक्षा की गुणवत्ता पर बल। प्रारम्भिक
  • शिक्षा में गुणवत्ता हेतु ”स्वर्ण जयन्ती ज्ञानोदय क्लस्टर योजना (ज्ञानोदय)“ शुरु होगी।
  •  “स्वर्ण जयन्ती उत्कृष्ट विद्यालय योजना ; उत्कृष्ट “ के अन्तर्गत 68 स्कूल जहाँ पर विद्यार्थियों की संख्या 500 या इससे अधिक है, को उन्नयनित किया जाएगा।
  •  9 महाविद्यालयों को उत्कृष्ट महाविद्यालयों के रूप में स्थापित किया जाएगा।
  •  50 स्कूलों में गणित प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी।
  • B.Vocडिग्री प्रोग्राम 6 नये महाविद्यालयों में शुरू।
  •  “स्वर्ण जयन्ती सुपर 100“ योजना आरम्भ होगी।
  • सरदार वल्लभ भाई पटेल क्लस्टर विश्वविद्यालय को। Affilating विश्वविद्यालय के रूप में विकसित किया जाएगा।
  • NCCयुवाओं को फौज/पैरामिलिटरी और पुलिस सेवाओं में भर्ती को प्रोत्साहन देने हेतु आवश्यक बटालियन और कम्पनी खोली जाएगी।
  •  MDR तपेदिक रोगियों के लिए 1,500 रुपये प्रति माह की दर से सहायता दी जाएगी।
  • महिलाओं में breast Cancerका आरम्भिक अवस्था में ही पता लगाने के लिए प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों में Mammography मशीनें उपलब्ध करवाई जाएंगी।
  • ‘सहारा’ योजना की राशि बढ़ाकर 3,000 रुपये प्रतिमाह की जाएगी।
  • मुफ्त 56 डायग्नोस्टिक्स टैस्टों की सुविधा सभी वर्गों के लिए उपलब्ध करवाई जाएगी।
  • दूरस्थ क्षेत्रों के लिए 10 ”मोबाइल हेल्थ सेन्टर“ शुरू किए जाएंगे।
  •  108 सेवा के अन्तर्गत 100 पुरानी एम्बुलैंस को शीघ्र बदला जाएगा।
  • बेसहारा लोगों को मुफ्त ईलाज तथा diagnostic सेवायें प्रदान करने के उद्देष्य से एक र्नइ योजना “सम्मान” का शुरू।
  • सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मुफ्त दवाईयों के वितरण के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रवधान किया जाएगा।
  • 60 वर्ष से अधिक आयु वाले वृद्धों को आयुर्वेदिक दवाईयां मुफ्त दी जाएंगी।
  • स्मार्ट सिटी मिशन के अन्तर्गत 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया जाएगा।
  • स्वच्छता को प्रोत्साहित करने के लिए नगर परिषदों तथा नगर पंचायतों के लिए पुरस्कार।
  •  शहरी स्थानीय निकायों को अनुदान राशि 61.74 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 207 करोड़ रुपये तथा छावनी क्षेत्रों के लिए पहली बार यह अनुदान दिया जाएगा।
  • जल जीवन मिशन के अन्तर्गत 2024 से पहले प्रदेश के सभी घरों में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था की जाएगी।
  •  2020-21 में एक लाख घरों कोशु पीने के पानी के कनेक्शन दिए जाएंगे।
  • प्रथम चरण में 14 शहरी क्लस्टर्ज़ मे पेयजल आपूर्ति को सुचारू रूप से चलाने के लिए व्यवस्था स्थापित की जाएगी।
  • नया निवेष आकर्षित करने के लिए “हिमाचल प्रदेश साहन अभिकरण (Himachl Pradesh Investment Promotion Agency)“ की स्थापना।
  • नये उद्यमों के लिए ”हिम स्टार्टअप योजना (HIMSUP)“ शुरु।
  • चर्मकारों, बुनकरों, दस्तकारों और अन्य शिल्पियों तथा दस्तकारों के लिए नई योजना पारम्परिक हथकरघा एवं हस्तशिल्प क्लस्टर परियोजना (परम्परा), शुरू। इसके लिए 58 करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे।
  •  स्वावलम्बन योजना के अन्तर्गत 45 वर्ष तक की विधवाओं को आजीविका के लिए 35 प्रतिशत बढ़ा हुआ उपदान।
  • प्रदेश में वर्ष 2020-21 के दौरान 515 मैगावाट की विभिन्न जल विद्युत परियोजनायें कार्य करना आरम्भ कर देंगी व 394 मैगावाट की नई परियोजनाओं पर कार्य आरम्भ किया जाएगा।
  • प्रदेश के निवासियों को 250 से 500 किलोवाट की सौर परियोजनाओं के कार्यान्वयन हेतु 2,000 रुपये प्रति किलोवाट का उपदान दिया जाएगा।
  •  पांगी घाटी के 1,000 घरों में 250 वाट के ऑफ ग्रिड सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित होंगे।
  • धर्मशाला में ‘इंस्टीटयूट ऑफ होटल मैनेजमैंट (IHM) और सुन्दरनगर में ‘फूड क्राफ्ट इंस्टीच्यूट FCI’ की स्थापना।
  • बीड़ बिलिंग में प्री-वल्र्ड कप एवं इण्डियन नेशनल ओपन पैराग्लाईडिंग प्रतियोगिता तथा ब्यास नदी पर प्रथम एशियन राफ्टिगं  प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा।
  • शेष बची 39 पंचायतों को भी सड़क से जोड़ा जाएगा तथा कोई भी पंचायत बिना सड़क के नहीं रहेगी।
  • राजमार्गो पर पर्यटकों के लिए आवश्यक सुविधायें प्रदान करने के लिए आवश्यक नीति बनाई जाएगी।
  • 925 किलोमीटर वाहन योग्य कच्ची सड़कों, 900 किलोमीटर सड़कों परक्रॉस ड्रेनेज, 1,800 किलोमीटर पक्की सड़कों, 75 पुलों का निर्माण तथा 90 गांवों को सड़क सुविधा से जोड़े जाएंगे।
  •  वाकनाघाट (सोलन) में 155 करोड़ (20 मिलियन अमेरिकी डालर) की लागत से एक ‘सेंटर ऑफ’ एक्सीलेंस’ की स्थापना।
  •  19 औद्योगिक परीक्षण संस्थानों (ITIS) का आधुनिकीकरण।
  •  उप मण्डल स्तर पर Accredited पत्रकारों को लैपटॉप दिये जाएंगे।
  •  प्री-प्राईमरी में बच्चों के लिए ”स्वस्थ बचपन“ योजना के अन्तर्गत भोजन की व्यवस्था।
  • आँगनबाड़ी केन्द्रों के बच्चों के लिए नई “बाल पोषाहार टॉप अप योजना” लागू होगी।
  • Ø 50 हजार अतिरिक्त पात्र लोगों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन दी जाएगी तथा विधवा, दिव्यांगजन की पेंशन राशि को 850 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये प्रतिमाह किया गया। इससे कुल 1 लाख 75 हजार लोगों को लाभ पहुंचेगा।
  • आगँ नबाडी़ कायर्कताओं मिनि आगँनबाड़ी कायर्कताओं आँगनबाड़ी सहायिका, सिलाई अध्यापिका, मिड डे मील वर्कर, वाटर गार्ड, पैरा फिटर, पैरा पम्प आपरेटर, पंचायत चौकीदार इत्यादि के मानदेय में बढ़ौतरी की गई।
  • शिक्षा विभाग के IT शिक्षकों के मानदेय में 10 प्रतिशत वृद्धि की जाएगी।
  •  युद्ध जागीर के लाभार्थियों की वार्शिक अनुदान राशि में बढ़ौतरी।
  • NPS के तहत 22-09-2017 से पहले सेवानिवृत कर्मियों को ग्रेच्युटी दी जाएगी।
  • अनुबन्ध कर्मचारियों के वेतन में बढ़ौतरी।
  • दिहाड़ीदारों की दिहाड़ी 275 रुपये की गई।
  • दृष्टिहीन और 70 प्रतिशत से अधिक Orthopedically disabled कर्मचारियों के लिए यात्रा भत्ता बढ़ाकर 750 रूपये किया जाएगा।
  •  2020-21 में 20,000 खाली पदों को भरे जाने का लक्ष्य जिसमें 3,000 पद राज्य विद्युत बोर्ड, 1,000 पद कान्सटेबल, लगभग 5,000 पद शिक्षा विभाग, 1,300 पद HRTC, तथा लोक
    निर्माण, राजस्व, वन, पषुपालन तथा अन्य विभागों के तृतीय व चतुर्थ श्रेणी शामिल हैं।
  • तत्तापानी से सलापड़ तक अन्त्देर्शीय जल यातायात सुविधायें प्रदान की जाएंगी।
  • बगलामुखी (मण्डी) तथा नारकण्डा से हाटू माता मन्दिर तक दो रोप-वेज़ की निर्माण प्रक्रिया को 2020-21 में PPP मोड में शुरु किया जाएगा।
  • राज्य में हेलीटैक्सी को गति देने के लिए, 5 नये हेलीपोर्टस का निर्माण किया जाएगा।
  •  काँगड़ा (गग्गल) और शिमला हवाई अड्डों के विस्तार के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
  • मण्डी में ग्रीन फील्ड हवाई अड्डे के निर्माण हेतु भू-अधिग्रहण प्रक्रिया षीघ्र ही आरम्भ की जाएगी।
  • हवाई अड्डों के विस्तारीकरण, मण्डी हवाई अड्डे के निर्माण तथा हेलिपोर्टस के निर्माण के लिए 1,013 करोड़ रुपये का प्रावधान।
  • स्वर्ण जयन्ती आश्रय योजना के अन्तर्गत अनुसूचित जाति के 5,100 परिवारों को घर। इसके अतिरिक्त अन्य वर्गों के लाभार्थियो को शहरी तथा ग्रामीण आवास योजनाओं के अन्तर्गत 4,900 घर।

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