सीएम बोले: तत्तापानी होगा पर्यटन की दृष्टि से विकसित, जल क्रीड़ा गतंव्य के रूप में विकसित करने की अपार संभावनाएं

सीएम बोले: तत्तापानी होगा पर्यटन की दृष्टि से विकसित, जल क्रीड़ा गतंव्य के रूप में विकसित करने की अपार संभावनाएं

  • पांगणा में लोक निर्माण विभाग के उपमण्डल और तत्तापानी में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र की घोषणा की
  • तत्तापानी में घाटों के निर्माण, सतलुज तट के सौन्दर्यीकरण और संरक्षण कार्यों की रखी आधारशीला

मंडी: मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने यह आज मंडी जिले के करसोग क्षेत्र में तत्तापानी में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि तत्तापानी को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा क्योंकि इस क्षेत्र को जल क्रीड़ा गतंव्य के रूप में विकसित करने की अपार संभावनाएं हैं।

मकर सक्रांति के शुभ अवसर पर राज्य के लोगों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विविधता का संरक्षण करना हम सभी का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि कौल बांध के निर्माण के फलस्वरूप यह क्षेत्र एक ऐसे स्थल के रूप में उभरा है, जिसे राज्य के एक प्रमुख जल खेल क्रीड़ा गंतव्य के रूप में विकसित किया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले एक वर्ष के दौरान राज्य सरकार ने प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र का एक समान और संतुलित विकास सुनिश्चित किया है। क्षेत्र के लिए मिनी सचिवालय भवन और आईटीआई भवन स्वीकृत किया गया है, जिसके निर्माण पर क्रमशः 14.86 करोड़ और लगभग 8 करोड़ रुपये की लागत आएगी। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए के पीएमजीएसवाई 12.76 करोड़ रुपये नाबार्ड के तहत तहत 3.32 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।

जय राम ठाकुर ने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार को पिछली राज्य सरकार के वित्तीय कुप्रबंधन के कारण 46,500 करोड़ रुपये का ऋण भार विरासत में मिला है। उन्होंने कहा कि इस स्थिति से निपटने के लिए, राज्य सरकार ने केन्द्रीय निधि के लिए विकास परियोजनाओं को तैयार करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उदारता के कारण एक वर्ष की इस छोटी अवधि के दौरान राज्य को केंद्र सरकार से 9500 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं को स्वीकृत करवाने में सफलता मिली है।

इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने तत्तापानी में घाटों के निर्माण की आधारशिला रखी, जिसे एनटीपीसी द्वारा प्रायोजित किया जाएगा तथा इसके निर्माण पर 123 लाख रुपये की लागत आएगी। उन्होंने सतलुज नदी तट के सौंदर्यीकरण और संरक्षण कार्यों का शिलान्यास रखी, जिसे एनटीपीसी द्वारा प्रायोजित किया जाएगा तथा इसके निर्माण पर 105.72 लाख रुपये की लागत आएगी।

मुख्यमंत्री ने 6.76 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित जसवाल-सविधार उठाऊ जल आपूर्ति योजना का लोकार्पण किया। इस योजना से क्षेत्र की 58 बस्तियों के 3600 से अधिक लोग लाभान्वित होंगे। इस अवसर पर उन्होंने लोगों को संबोधित किया और सरकार की विभिन्न उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने चनियाना मैदान के लिए 5 लाख रुपये और शकरोडी से जस्सल और साज से खंगरोट सड़क के निर्माण के लिए 10-10 लाख रुपये देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने तत्तापानी में प्रसिद्ध नारसिंह मंदिर और शनि देव मंदिर का भी दौरा किया और मकर सक्रांति के अवसर पर पूजा की।

मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार के ‘बेटी बचाओ बेटी पढाओ’ योजना के तहत लाभार्थियों को उपहार प्रदान किए।

मुख्यमंत्री ने  पांगणा में लोक निर्माण विभाग के उपमण्डल और तत्तापानी में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र खोलने की भी घोषणा की। उन्होंने क्षेत्र के पांच महिला मंडलों के लिए 3-3 लाख रुपये, राजकीय माध्यमिक विद्यालय गुदरोधार को उच्च पाठशाला में स्तरोन्नत करने तथा मेला मैदान तत्तापानी के विकास के लिए पांच लाख रुपये और बिघन खड्ड तथा सतलुज नदी पर पुल बनाने की भी घोषणा की।

 

सम्बंधित समाचार

अपने सुझाव दें

Your email address will not be published. Required fields are marked *